कविता मुरझाया है स्नेह TN15 August 16, 2022 बगिया सूखी प्रेम की, मुरझाया है स्नेह ।… Continue reading
कविता गांव बेचकर शहर खरीदा , कीमत बड़ी चुकाई है TN15 August 2, 2022 गांव बेचकर शहर खरीदा , कीमत बड़ी चुकाई है… Continue reading
कविता लाज-धर्म की डोर TN15 July 30, 2022 सत्यवान ‘सौरभ’ चीरहरण को देख कर, दरबारी सब… Continue reading
कविता मंदिर-मस्जिद फेर में TN15 July 19, 2022 -सत्यवान ‘सौरभ’ भूल गए हम साधना, भूल गए… Continue reading
कविता Stunned : सहमा-सहमा आज TN15 July 7, 2022 ●●● कौन पूछता योग्यता, तिकड़म है आधार ।… Continue reading