नई दिल्ली। देश की राजनीति किसी ने सोचा भी न होगा कि 80 विधायक और 29 सांसद वाली देश की तीसरे नंबर पार्टी का विलय कांग्रेस में हो जाएगा। जी हां ममता बनर्जी की पार्टी टीएमसी का विलय कांग्रेस में होने जा रहा है। ममता बनर्जी पार्टी की राष्ट्रीय उपाध्यक्ष बनेंगी तथा राज्यसभा जाएंगी। उनके भतीजे अभिषेक बनर्जी को राष्ट्रीय महासचिव बनाया जाएगा। ममता बनर्जी और सोनिया गांधी की लगातार हो रही बैठक में सोनिया गांधी ने ममता बनर्जी को अपनी पार्टी का विलय कांग्रेस में करने का दिया था। ममता बनर्जी ने अभिषेक बनर्जी को राहुल गांधी से मिलकर ये शर्त रखी हैं। टीएमसी के कांग्रेस में विलय पर बात आगे बढ़ गई है। ऐसा लग रहा है कि सोनिया गांधी की ओर से मिले ऑफर पर ममता बनर्जी तैयार हैं, लेकिन उन्होंने अभिषेक बनर्जी के जरिए राहुल गांधी के सामने कुछ शर्तें भी रखवाई हैं।
सूत्रों के मुताबिक, अभिषेक बनर्जी ने राहुल गांधी के साथ हुई मीटिंग में इस पर बात की है। टीएमसी नेता ने कांग्रेस लीडरशिप के सामने मांग रखी है कि ममता बनर्जी को राज्यसभा भेजा जाए। इतना ही नहीं उन्हें राज्यसभा में नेता विपक्ष का पद भी दिया जाए। हालांकि इस पर कांग्रेस की ओर से क्या कहा गया है, वो सामने नहीं आया है।
सोनिया गांधी ने खुद दिया था ऑफर
सोनिया गांधी ने खुद फोन करके ममता बनर्जी को टीएमसी के कांग्रेस में विलय का ऑफर दिया था। सूत्रों के मुताबिक, सोनिया गांधी ने ममता बनर्जी से कहा कि वो टीएमसी का विलय कर दें, इसके बदले में उन्हें कांग्रेस का राष्ट्रीय उपाध्यक्ष बनाया जाएगा। इसके अलावा उनके भतीजे और सांसद अभिषेक बनर्जी को भी पार्टी महासचिव का पद दिया जाएगा।







