चरण सिंह
विधानसभा उप चुनाव में चारों सीटें जीतने के बाद बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पूरी तरह से अगले साल होने वाले विधानसभा चुनाव की तैयारी में जुट गये हैं। सत्ता के लिए नीतीश कुमार फिर से महिलाओं को रिझाने के लिए निकल पड़े हैं। इस बार नीतीश कुमार ने महिला संवाद यात्रा निकालने की रणनीति बनाई है। १५ दिसम्बर से नीतीश कुमार महिला संवाद यात्रा निकालने जा रहे हैं। यात्रा के तहत नीतीश कुमार प्रत्येक सीट पर सम्मेलन करने जा रहे हैं। इन सम्मेलनों में स्थानीय नेताओं के साथ ही संभावित उम्मीदवार भी होंगे और प्रदेश और राष्ट्रीय नेतृत्व संबोधित करेगा। पटना के कृषि यंत्र मेले का उद्घाटन करते हुए गांधी मैदान में नीतीश कुमार ने कहा है कि बिहार में जो भी कुछ कराया गया है उन्होंने ही कराया है। मतलब महिलाओं के साथ ही उन्होंने किसानों को भी साधने का प्रयास किया है।
दरअसल नीतीश कुमार महिला सशक्तिकरण के लिए समय समय पर विभिन्न योजनाएं चलाते रहे हैं। चाहे पंचायत और नौकरियों में आरक्षण की बात हो या फिर शराबबंदी, नीतीश कुमार ने महिलाओं की भावनाओं की कद्र की है। हालांकि शराबबंदी को लेकर पूर्व मुख्यमंत्री जीतन राम मांझी आक्रामक रहे हैं। उन्होंने कहा है कि यह योजना गरीब लोगों तक ही सिमट कर रह गई है। इस योजना पर समीक्षा की जरूरत है। जनसुराज पार्टी के संस्थापक प्रशांत किशोर तो अपनी सरकार बनने पर शराब बंदी योजना को बंद करने की बात कर रहे है।
दरअसल मध्य प्रदेश में लाडली बहना योजना और पश्चिम बंगाल में लक्ष्मी भंडार योजना के सफल होने के बाद महाराष्ट्रीय में लाड़ली बहन योजना और झारखंड में मैया सम्मान योजना सफल रही है ऐसे में नीतीश कुमार का प्रयास है कि महिला संवाद यात्रा के तहत समीक्षा की जाए कि बिहार में कौन सी योजना महिलाओं के लिए लाई जाए। एनडीए ने २४३ सीटों में से २२५ सीटें जीतने का लक्ष्य रखा है।
दरअसल नीतीश कुमार की चिंता इस बात को लेकर है कि २०२० के विधानसभा चुनाव में तेजस्वी यादव अपने दम पर ७५ सीटें ले आए थे। वह भी तब जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, गृहमंत्री अमित शाह औेर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के साथ ही वह खुद चुनाव प्रचार कर रहे थे। गत विधानसभा चुनाव में लालू प्रसाद जेल में बंद थे और इस बार वह तेजस्वी यादव के साथ बैठ कर चुनाव जीतने की रणनीति बना रहे हैं।
उधर पूर्व एमएलसी रामेश्वर महतो ने समस्तीपुर के सांसद देवेश चंद्र ठाकुर पर जदयू नेताओं के खिलाफ अनाप शनाप बयान करने का आरोप लगाते हुए पार्टी की प्राथमिक सदस्यता से इस्तीफा दे दिया है। उनका आरोप है कि देवेश चंद्र ठाकुर जदयू के खिलाफ काम रहे है। उन्होंने नीतीश कुमार को भी मिस गाइड कर दिया है। उनका कहना है कि जदयू में लव कुश समीकरण और अति दलितों की उपेक्षा हो रही है।
विधानसभा उप चुनाव में चारों सीटें जीतने के बाद बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पूरी तरह से अगले साल होने वाले विधानसभा चुनाव की तैयारी में जुट गये हैं। सत्ता के लिए नीतीश कुमार फिर से महिलाओं को रिझाने के लिए निकल पड़े हैं। इस बार नीतीश कुमार ने महिला संवाद यात्रा निकालने की रणनीति बनाई है। १५ दिसम्बर से नीतीश कुमार महिला संवाद यात्रा निकालने जा रहे हैं। यात्रा के तहत नीतीश कुमार प्रत्येक सीट पर सम्मेलन करने जा रहे हैं। इन सम्मेलनों में स्थानीय नेताओं के साथ ही संभावित उम्मीदवार भी होंगे और प्रदेश और राष्ट्रीय नेतृत्व संबोधित करेगा। पटना के कृषि यंत्र मेले का उद्घाटन करते हुए गांधी मैदान में नीतीश कुमार ने कहा है कि बिहार में जो भी कुछ कराया गया है उन्होंने ही कराया है। मतलब महिलाओं के साथ ही उन्होंने किसानों को भी साधने का प्रयास किया है।
दरअसल नीतीश कुमार महिला सशक्तिकरण के लिए समय समय पर विभिन्न योजनाएं चलाते रहे हैं। चाहे पंचायत और नौकरियों में आरक्षण की बात हो या फिर शराबबंदी, नीतीश कुमार ने महिलाओं की भावनाओं की कद्र की है। हालांकि शराबबंदी को लेकर पूर्व मुख्यमंत्री जीतन राम मांझी आक्रामक रहे हैं। उन्होंने कहा है कि यह योजना गरीब लोगों तक ही सिमट कर रह गई है। इस योजना पर समीक्षा की जरूरत है। जनसुराज पार्टी के संस्थापक प्रशांत किशोर तो अपनी सरकार बनने पर शराब बंदी योजना को बंद करने की बात कर रहे है।
दरअसल मध्य प्रदेश में लाडली बहना योजना और पश्चिम बंगाल में लक्ष्मी भंडार योजना के सफल होने के बाद महाराष्ट्रीय में लाड़ली बहन योजना और झारखंड में मैया सम्मान योजना सफल रही है ऐसे में नीतीश कुमार का प्रयास है कि महिला संवाद यात्रा के तहत समीक्षा की जाए कि बिहार में कौन सी योजना महिलाओं के लिए लाई जाए। एनडीए ने २४३ सीटों में से २२५ सीटें जीतने का लक्ष्य रखा है।
दरअसल नीतीश कुमार की चिंता इस बात को लेकर है कि २०२० के विधानसभा चुनाव में तेजस्वी यादव अपने दम पर ७५ सीटें ले आए थे। वह भी तब जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, गृहमंत्री अमित शाह औेर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के साथ ही वह खुद चुनाव प्रचार कर रहे थे। गत विधानसभा चुनाव में लालू प्रसाद जेल में बंद थे और इस बार वह तेजस्वी यादव के साथ बैठ कर चुनाव जीतने की रणनीति बना रहे हैं।
उधर पूर्व एमएलसी रामेश्वर महतो ने समस्तीपुर के सांसद देवेश चंद्र ठाकुर पर जदयू नेताओं के खिलाफ अनाप शनाप बयान करने का आरोप लगाते हुए पार्टी की प्राथमिक सदस्यता से इस्तीफा दे दिया है। उनका आरोप है कि देवेश चंद्र ठाकुर जदयू के खिलाफ काम रहे है। उन्होंने नीतीश कुमार को भी मिस गाइड कर दिया है। उनका कहना है कि जदयू में लव कुश समीकरण और अति दलितों की उपेक्षा हो रही है।