Bharat Express : उपेंद्र रॉय के सहारा मीडिया एचआर को अपने चैनल में लाने के मायने ?

वैसे तो जब कोई आदमी अपना काम करता है तो अधिकतर वही आदमी रखता है जो उसके संपर्क में होते हैं पर यदि कोई व्यक्ति किसी संस्था का पूरा एचआर विभाग ही अपने यहां ले आये तो क्या कहा जाए ? जी हां उपेंद्र राय के भारत एक्सप्रेस चैनल में जो एचआर विभाग में उसमें मुख्य रूप से सहारा मीडिया के एचआर विभाग में मुख्य भूमिका निभा रहे अधिकारी हैं। बुधवार को उपेंद्र राय ने अपने चैनल भारत एक्सप्रेस की लांचिग कर दी है। उपेंद्र राय के इस चैनल की विशेषता यह है कि वैसे तो अधिकतर स्टाफ सहारा से ही गया है पर भारत एक्सप्रेस के एचआर विभाग में तो सहारा मीडिया में एचआर हेड रहे रामवीर सिंह, एमएल शर्मा, अमिताभ श्रीवास्तव मुख्य रूप से हैं।
दरअसल गत दिनों जब सुमित राय को मीडिया हेड बनाकर जब उपेंद्र राय को सहारा मीडिया छोड़ने के लिए मजबूर किया गया तो उन्होंने सहारा मीडिया से इस्तीफा दे दिया और कुछ ही दिन बाद भारत एक्सप्रेस चैनल पर काम करना शुरू कर दिया। वैसे तो उपेंद्र राय ने चैनल शुरू करने के पीछे सहारा के चेयरमैन सुब्रत राय की ही प्रेरणा बताई है पर उनके काम करने के तौरतरीके से तो यह लग रहा है कि जैसे वह सहारा मीडिया के सामने एक मीडिया हाउस खड़ा करने जा रहे हों।

वैसे तो काफी लोग इसे सुब्रत राय का ही खेल बता रहे हैं पर उपेंद्र राय का जो स्वभाव है वह एकछत्र राज करने वाला है। क्योंकि सुब्रत राय ने या तो गोविंंद दीक्षित को प्रिंट मीडिया की पूरी जिम्मेदारी थी या फिर उपेंद्र राय को प्रिंट मीडिया के साथ ही इलोक्ट्रोनिक मीडिया का सर्वेसर्वा बनाया था। उपेंद्र राय का हस्तक्षेप तो सुब्रत राय ने पूरे ग्रुप में ही कर दिया था। अब जब सुमित राय को सहारा मीडिया का हेड बनाया गया है तो उपेंद्र राय सुब्रत राय से नाराज बताये जा रहे हैं। कहीं सहारा का एचआर विभाग अपने यहां बुलाकर उपेंद्र राय सहारा के खिलाफ कोई बड़ा खेल करने वाले तो नहीं है।


वैसे भी मीडिया पर जमकर खबर चलाने वाले भड़ास फॉर मीडिया ने उपेंद्र राय के बारे में खबर चलाई थी कि वह सहारा को लेकर बड़ा खेल करने वाले हंै। वैसे भी यह माना जा रहा है कि चैनल खरीदने की हैयिसत में उपेंद्र राय सहारा मीडिया की कमान संभालने की वजह से ही आये हैं। सहारा में यह माना जाता है कि भले ही कर्मचारियों को वेतन न मिले, भले ही निवेशकों और जमाकर्ताओं को उनका पैसा न मिले पर सहारा मालिकान और प्रबंधन के मजे में कोई कमी नहीं रहती है।
दरअसल उपेंद्र राय एक या दो बार नहीं बल्कि तीन बार सहारा मीडिया के हेड रहे हैं। उपेंद्र राय सहारा में 2000 के आसपास एक संवाददाता के रूप में सहारा मीडिया से जुड़े और कुछ ही दिन बाद सहारा छोड़ गये। उपेंद्र राय ने सुब्रत राय से उस दौर में सेटिंग की थी जब वह मुंबई में एक इलेक्ट्रॉनिक मीडिया में थे और सुब्रत राय यूपीए सरकार में सताये जा रहे थे और एक तरह से डिप्रेशन में थे। उस समय उपेंद्र राय ने सुब्रत राय का एक इंटरव्यू लेकर उनसे घनिष्ठता बनाई थी। उस इंटरव्यू के बाद सुब्रत राय ने बीबीसी से जुड़कर पत्रकारिता में बड़ा नाम कमाने वाले संजीव श्रीवास्तव को मीडिया हेड और उनके सहयोगी के रूप में उपेंद्र राय को मीडिया की कमान सौंपी थी।

संजीव श्रीवास्तव ने मुलायम सिंह यादव और अमर सिंह की दोस्ती को लेकर ना लेख क्या लिखा कि उन पर गाज गिर गई और उपंेद्र राय मीडिया के सर्वेसर्वा बना दिये गये। उसके बाद वह दो बार सहारा से बाहर हुए और दो बार अंदर आए। सुमित राय से उपेंद्र राय का ३६ का आंकड़ा रहा है। इस बार वह सुमित राय की वजह से सहारा छोड़कर गये हैं तो २०१६ में सहारा में हुए आंदोलन को लेकर सहारा छोड़कर गये थे। उस समय सहारा मीडिया में वेतन न मिलने की वजह से आंदोलन चल रहा था। तब उनके बारे में यह सुनने में आया था कि उन्होंने अपने घर से कई करोड़ रुपये लगा दिये। जब सहारा श्री पैसा ही नहीं दे रहे हैं तो वे वेतन कहां से दें।

दरअसल जब उन्होंने सहारा मीडिया का कार्यभार संभाला था तो आंदोलन तुड़वाते समय कर्मचारियों से वादा किया था कि वह वचन देते हैं कि उनको हर माह वेतन देते रहेंगे। देखने की बात यह है कि सहारा मीडिया में कर्मचारियों को टर्मिनेट करने की परिपाटी उपेंद्र राय ने ही शुरू की थी। सहारा मीडिया में दूसरे आंदोलन में मुख्य भूमिका में रहने वाले मुकुल राजवंशी और उत्पल कौशिक की नौकरी उपेंद्र राय ने ही ली थी।

  • Related Posts

    जिद्दीपन के चलते खुद भी बे मौत मरा और सहारा कर्मचारियों-निवेशकों को मरने के लिए छोड़ गया सुब्रत रॉय! 
    • TN15TN15
    • June 10, 2026

    चरण सिंह  यह फोटो गौर से देखिये। फोटो…

    Continue reading

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *

    You Missed

    CM विजय को बड़ा झटका! परिसीमन पर बुलाई मीटिंग से 37 सांसद गायब

    • By TN15
    • August 8, 2026
    CM विजय को बड़ा झटका! परिसीमन पर बुलाई मीटिंग से 37 सांसद गायब

    रांची: छात्रों से मिली CJP टीम, अभिजीत दीपके के आने पर दिया अपडेट

    • By TN15
    • August 8, 2026
    रांची: छात्रों से मिली CJP टीम, अभिजीत दीपके के आने पर दिया अपडेट

    बाढ़ ही खा रही  थी फसल को : खुद एनटीए ने ही लीक किए पर्चे!

    • By TN15
    • August 8, 2026
    बाढ़ ही खा रही  थी फसल को : खुद एनटीए ने ही लीक किए पर्चे!

    PAK एजेंट के हनी ट्रैप में फंसा वायुसेना का अधिकारी, गिरफ्तार  

    • By TN15
    • August 8, 2026
    PAK एजेंट के हनी ट्रैप में फंसा वायुसेना का अधिकारी, गिरफ्तार  

    रांची छात्र आंदोलन पर उद्धव ठाकरे बोले, ‘अगर जरूरत पड़ी तो मैं…’

    • By TN15
    • August 8, 2026
    रांची छात्र आंदोलन पर उद्धव ठाकरे बोले, ‘अगर जरूरत पड़ी तो मैं…’

    मूड खराब है तो मत आओ ऑफिस, इस कंपनी ने लागू की Unhappy Leave पॉलिसी

    • By TN15
    • August 8, 2026
    मूड खराब है तो मत आओ ऑफिस, इस कंपनी ने लागू की Unhappy Leave पॉलिसी