समाजवदियों के जादुई भाषण से लोकसभा चुनावों का मंच रहेगा सूना-सूना

बिहार के चुनावी समर में दहाड़ेंगे नीतीश व लालू

राम नरेश

पटना। लोग सभा चुनाव में नीतीश कुमार और लालू यादव के भाषण तो लोगों को सुनने को मिलेंगे, लेकिन कुछ ऐसे नेता भी है जिनकी जादुई आवाज इस बार सुनने को नहीं मिलेगी।

 

बिहार समाजवादियों का गढ़ रहा है। पिछले 40 वर्षों से देश के समाजवदियों में बिहार के नेता पहली कतार में रहे हैं। उनके भाषण सुनने के लिए लाखों, करोड़ों लोग इंतजार करते हैं। इस बार के लोकसभा चुनाव में मंडल आयोग की राजनीति से देश को प्रभावित करने वाले धुर समाजवादी नेताओं मसलन दिवंगत राम विलास पासवान और शरद यादव की जादुई आवाज नहीं सुनायी देगी । वहीं राष्ट्रीय राजनीति के फलक पर ‘मनरेगा मैन’ कहे जाने वाले दिवंगत नेता रघुवंश प्रसाद सिंह की ठेठ गंवई जुबान में कार्यकर्ताओं में जोश फूंक देने वाला भाषण भी लोग नहीं सुन पायेंगे। जहां तक धूर समाजवादी लालू प्रसाद का सवाल है, बीमारी ने उनकी आवाज को सीमित कर दिया है।
कुल मिलाकर यह सभी वह नेता हैं, जिसने 90 की दशक में समाजवादी राजनीति को नयी जुबान दी और पहचान भी। इन नेताओं के जुमले अब किसी दूसरे की जुबान से ही सुनने को मिलेंगे। हालांकि यह संभव है कि लालू प्रसाद इस बार भी एकआध बार फिर सियासी मंच साझा करें. ऐसे में उनका वह अंदाज दखने को मिल जाए, जब वह सियासी मंच पर ‘लागललागल झुलनिया के धाका, बलम कलकात्ता चल गइले ‘ जैसे लोक रंग वाले गाने गा कर मतदाताओं को हुजूम को जोशीले ज्वार में तब्दील कर विरोधियों के खेमे में खलबली मचा दे।
दिवंगत रामविलास पासवान के भाषण में भी कुछ ऐसी बातें होती थीं, जिन्हें वह लगभग सभी सभाओं में कहा करते थे। ”हम इस घर में दिया जलाने चले हैं, जहां सदियों से अंधेरा था। ”उस बाग का माली अच्छा होता है, जिसमें सभी तरह के फूल खिले”। यह स्पष्ट है कि ऐसे जमीनी नेताओं की आवाज से इस बार का लोकसभा चुनावों का मंच सूना -सूना नजर आयेगा।
इकलौते नीतीश कुमार हैं, जिनकी आवाज में मतदाताओं को बांधने वाला जादू है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के भाषणों में उनके अभी तक के काम और आगे के रचनात्मक कार्यों की झलक मिलती है। योजनाओं की गहन जानकारी और उनके सफल होने तक की कहानी जब सुनाते हैं, तो बिहार का मतदाता उनमें एक स्टेटमैन की छवि देखता है। जब वे बोलते हैं कि ‘आप तो जनबे करते हैं। हम तो हमेशा कुछ न कुछ करते ही रहते हैं।

  • Related Posts

    न यादव, न कुर्मी, न कोईरी… बिहार में सवर्ण नेता को मुख्यमंत्री बनाएगी BJP!
    • TN15TN15
    • March 5, 2026

    नीतीश कुमार ने राज्यसभा के लिए नामांकन कर…

    Continue reading
    नीतीश कुमार की राजनीतिक यात्रा
    • TN15TN15
    • March 5, 2026

    बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने औपचारिक रूप…

    Continue reading

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *

    You Missed

    शाम की देश राज्यों से बड़ी खबरें

    • By TN15
    • March 18, 2026
    शाम की देश राज्यों से बड़ी खबरें

    ईरान के इंटेलिजेंस मिनिस्टर इस्माइल खातिब को IDF ने किया ढेर, इजरायल के रक्षा मंत्री का बड़ा दावा   

    • By TN15
    • March 18, 2026
    ईरान के इंटेलिजेंस मिनिस्टर इस्माइल खातिब को IDF ने किया ढेर, इजरायल के रक्षा मंत्री का बड़ा दावा   

    आज़ादी की लड़ाई की तर्ज पर आंदोलन कर ही किया जा सकता है बदलाव!

    • By TN15
    • March 18, 2026
    आज़ादी की लड़ाई की तर्ज पर आंदोलन कर ही किया जा सकता है बदलाव!

    पत्रकारिता के साथ ही बैंक में भी नौकरी की हरिवंश नारायण सिंह ने, प्रभात खबर से बनी थी पहचान!

    • By TN15
    • March 18, 2026
    पत्रकारिता के साथ ही बैंक में भी नौकरी की हरिवंश नारायण सिंह ने, प्रभात खबर से बनी थी पहचान!

    22 को बड़ा निर्णय लेंगे केसी त्यागी?

    • By TN15
    • March 18, 2026
    22 को बड़ा निर्णय लेंगे केसी त्यागी?

    सम्राट चौधरी होंगे बिहार के मुख्यमंत्री? नीतीश कुमार ने जमुई से दे दिया बड़ा मैसेज

    • By TN15
    • March 18, 2026
    सम्राट चौधरी होंगे बिहार के मुख्यमंत्री? नीतीश कुमार ने जमुई से दे दिया बड़ा मैसेज