नई दिल्ली/काबुल/इस्लामाबाद। पाकिस्तान द्वारा काबुल में कथित हवाई हमले में बड़ी संख्या में लोगों की मौत के बाद भारत ने कड़ी प्रतिक्रिया दी है। भारतीय विदेश मंत्रालय ने इस घटना को लेकर सख्त बयान जारी करते हुए इसे अमानवीय और निंदनीय बताया है, साथ ही अंतरराष्ट्रीय समुदाय से दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
भारत ने हमले की कड़ी निंदा की
भारतीय विदेश मंत्रालय ने काबुल स्थित ओमिद एडिक्शन ट्रीटमेंट अस्पताल पर हुए हवाई हमले की कड़ी निंदा की है। मंत्रालय के अनुसार, 16 मार्च की रात किया गया यह हमला बर्बर, कायरतापूर्ण और अमानवीय है, जिसमें बड़ी संख्या में निर्दोष नागरिकों की जान गई।
अस्पताल को बताया गया गैर-सैन्य लक्ष्य
विदेश मंत्रालय ने स्पष्ट कहा कि यह अस्पताल एक ऐसा संस्थान था, जिसे किसी भी स्थिति में सैन्य लक्ष्य नहीं माना जा सकता। साथ ही आरोप लगाया कि पाकिस्तान इस घटना को सैन्य कार्रवाई बताने की कोशिश कर रहा है।
अफगानिस्तान की संप्रभुता पर हमला
मंत्रालय ने कहा कि पाकिस्तान की यह कार्रवाई अफगानिस्तान की संप्रभुता पर सीधा हमला है और यह क्षेत्रीय शांति और स्थिरता के लिए गंभीर खतरा पैदा करती है। यह कदम पाकिस्तान के लापरवाह रवैये को भी दर्शाता है।
पुरानी प्रवृत्ति का आरोप
भारत ने आरोप लगाया कि पाकिस्तान अपनी आंतरिक समस्याओं से ध्यान हटाने के लिए सीमा पार हिंसा का सहारा लेता रहा है और यह घटना उसी प्रवृत्ति का हिस्सा है।
रमजान में हमले को बताया और भी निंदनीय
विदेश मंत्रालय ने कहा कि रमजान के पवित्र महीने में इस तरह का हमला इसे और भी ज्यादा निंदनीय बनाता है. यह समय शांति, आत्ममंथन और दया का होता है, ऐसे में अस्पताल और मरीजों को निशाना बनाना किसी भी धर्म या कानून के तहत उचित नहीं है।
अंतरराष्ट्रीय कार्रवाई की मांग
भारत ने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से इस घटना के जिम्मेदार लोगों को जवाबदेह ठहराने और अफगानिस्तान में नागरिकों को निशाना बनाने की घटनाओं को तुरंत रोकने की मांग की है।
पीड़ितों के प्रति संवेदना
विदेश मंत्रालय ने हमले में मारे गए लोगों के परिजनों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की है और घायलों के जल्द स्वस्थ होने की कामना की है. साथ ही भारत ने इस कठिन समय में अफगानिस्तान के लोगों के साथ एकजुटता जताते हुए उसकी संप्रभुता और क्षेत्रीय अखंडता के प्रति अपना समर्थन दोहराया है।






