हमारा सुरक्षित जीवन एक फ़ौजी की देन है

भारतीय सेना तीन प्रकार की है– जल सेना, थल सेना और वायु सेना। भारतीय सेना आज के समय में विश्व की तीसरे नम्बर पर सबसे बड़ी सेना है। भारतीय सैनिक बहुत ही बहादुर होतें है जिस कारण वह तकनीकी हथियारों के अभाव में भी हर मुसीबत से लड़ जाते हैं। भारतीय सेना की हर जीत के पीछे उनका अनुशासन है और उनकी सुझ बुझ है। भारतीय सेना को सैनिको का जीवन बहुत ही पीड़ादायक होता है क्योंकि देश के लिए उन्हें अपने परिवार वालों से दुर रहना पड़ता है। उनके घर वाले भी हर समय उनकी सलामती की दुआ करते हैं और अपने जवान बेटों को मातृभूमि के प्रति उनका कर्तव्य निभाने के लिए शरहद पर भेजते हैं।एक फ़ौजी का जीवन हम आम लोगों की रक्षा के लिए होता है । भारतीय सेना सिर्फ सीमा पर रहकर ही देश की रक्षा नहीं करते बल्कि जब देश के भीतर कोई मुश्किल आती है तो वहाँ पर भी सहायता के लिए तत्पर रहते हैं। जब जब देश में बाढ़ आती है तब वायु सेना लोगों की सहायता करती है और उन तक भोजन पहुँचाती है। जब जब दुश्मनों ने देश पर हमला किया है भारतीय सेना ने अपने साहस और बुद्धिमता का परिचय दिया है।कभी सोचा है अगर फौजी नहीं होते तो हम कैसे सुरक्षित होते । ऐसा काम जिसमें आपको पता है कि आपकी जान हर समय ख़तरे में है फिर भी एक फ़ौजी ने अपनी जान की परवाह किए बग़ैर देश की रक्षा के लिए एक पैर पे खड़ा रहता है ।जब तक फ़ौजी सरहद पर हमारी रक्षा के लिए बिना सोए सर्दी गर्मी बरसात में हमारी रक्षा कर रहा होता है हम शांत के अपने घरों में मौज कर रहे होते हैं ।फौजी एक देश की सुरक्षा और रक्षा करते हैं। वे अपने देश को दुश्मन और आतंकवाद से बचाते हैं।एक देश के लिए एक फौजी बहुत महत्वपूर्ण होता है। एक फौजी देश की सुरक्षा और रक्षा के लिए जिम्मेदार होता है और देश को आतंकवाद, अशांति, युद्ध और अन्य संघर्षों से बचाता है। फौजी का त्याग आम त्याग नहीं है। फौजी का जीवन बहुत कठिन जीवन होता है यह जीवन जीना आम आदमी की बात नहीं है , फौजी को देश की सुरक्षा के लिए अपने माता पिता के देहांत के समय भी छुट्टी नहीं मिलती है यहाँ तक कि अपनी शादी तक के लिए छुट्टी नहीं मिलती है। जब हम अपने कमरे में एसी में बैठकर मौज कर रहे होते हैं तब हमारे ये फ़ौजी हमारी मौज के लिए सरहदों में दुश्मनों से हमारी रक्षा कर रहे होते हैं । इन्हें न खाना सही से मिलता है नहीं सोने का सही स्थान मिलता है और न ही किसी तरह की कोई लग्ज़री मिलती है ।फौजी देश के राष्ट्रीय सुरक्षा अभियान में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। वे देश की सीमाओं और उनकी सुरक्षा के लिए तैनात होते हैं और उन्हें उन्नत युद्ध और रक्षा उपकरणों का उपयोग करना सीखना पड़ता है। इसके अलावा, फौजी विभिन्न दूसरे कार्यों में भी शामिल होते हैं जैसे आपदा प्रबंधन, विश्व सुधार, शांति स्थापना, राष्ट्रीय अभिवृद्धि आदि। समस्त देश को एक फौजी की आवश्यकता होती है जो उसकी सुरक्षा और रक्षा के लिए जिम्मेदार होता है।फौजी देश के आंतरिक सुरक्षा के लिए भी जिम्मेदार होते हैं। वे देश के अंदर आतंकवाद और बाहर से आने वाली खतरों को रोकते हैं। फौजी देश के स्वाभिमान को भी सुनिश्चित करते हैं। वे देश के अंदर और बाहर से आने वाले खतरों का सामना करते हुए देश के स्वाभिमान को बचाते हैं। फौजी देश की सुरक्षा के साथ-साथ उनका काम भी देश के विकास में बड़ा हाथ होता है। वे विभिन्न विकास कार्यों में भी शामिल होते हैं।फौजी द्वारा सीमा सुरक्षा सुनिश्चित की जाती है। यह देश के बाहर से आने वाले किसी भी खतरे को रोकता है।एक देश के लिए एक फौजी एक महत्वपूर्ण शक्ति होता है। वह देश की सुरक्षा और रक्षा करता है और उसे बाहरी खतरों से बचाता है। फौजी शिक्षित, तैयार और अनुभवी होते हैं जो अपने देश के सुरक्षा के लिए अपने जीवन का त्याग करने के लिए तैयार होते हैं। उनकी मौजूदगी देश के लोगों को एक भरोसेमंद अनुभव देती है और उन्हें सुरक्षा की एक आश्वासन देती है। फौजी एक राष्ट्र का गर्व होते हैं और उनकी असीमित बहादुरी और पराक्रम देश के लोगों के मन में एक उत्साह का संचार करती हैं। ये फौजी किसी के लिए काम नही करते। इनका तो काम ऐसा है कि कुछ भी देकर इनकी सेवाओं का, इनकी कुर्बानियों का सिला नही चुकाया जाता। किसी भी देश के फौजी किसी के लिए काम नही करते। दूसरों को सुरक्षा प्रदान करने के लिए उनके खून में हिल्लोरे उठते हैं। दूसरों को सुरक्षा प्रदान करना – वे अपना दायित्व समझते हैं। दूसरों के लिए मर मिटना – इसे वे अपना सौभाग्य समझते हैं। बड़े हितों को सुरक्षित रखना – उनके खून की बुनियादी संरचना में शामिल है। इसलिए जहाँ उनकी चिता जलती है – उस पवित्र भूमि पर लोग मेले लगाते हैं। जश्न मनाते हैं। हम इज्ज़त से जिन्दा हैं, इसका शुक्रिया अदा करते हैं।फौजी देश की एक शान है देश की आन। लाल बहादुर शास्त्री जीने जय जवान जय किसान। सेनाका सम्मान बढ़ाया । और फौजी आज देश की रक्षा करते हुए नहीं घबराते हैं। जय हिंद जय सेना। फौजी देश की सेवा करते हैं। वे देश की सीमाओं और राष्ट्रीय सुरक्षा की रक्षा के लिए तैनात होते हैं, और देश को बाहरी खतरों और आंतरिक अशांति से बचाते हैं। वे राष्ट्रीय सुरक्षा अभियान में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं और आपातकाल और आपदाओं के दौरान भी मदद करते हैं। भारतीय सेना का प्राथमिक उद्देश्य राष्ट्रीय सुरक्षा और राष्ट्रवाद की एकता सुनिश्चित करना, राष्ट्र को बाहरी आक्रमण और आन्तरिक खतरों से बचाव, और अपनी सीमाओं पर शान्ति और सुरक्षा को बनाए रखना हैं।फौजीयों की मदद करना ही चाहते है तो ये ज़ज्बा क़ाबिले तारीफ है। लेकिन सीधे उन तक तक पहुँच मुस्किल है। हाँ, ये हो सकता है कि जब भी वो लोग उनके कैम्प में याने की बॉर्डर का इलाक़ा छोड़कर, मिले तो कई जगह उनकी कॉलोनियाँ होती हैं, उनके स्कूल्स होते है। वहां उनसे अनुमती लेकर मिला जा सकता है। आपका मदद करने का क्या तरीका है, वो उन्हें बतायें।
 ऊषा शुक्ला

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