IISc में 900 करोड़ की लागत से बनेगा अस्पताल, अकेले एक परिवार ने दान कर दिए 425 करोड़ रुपए

द न्यूज 15 
नई दिल्ली। भारतीय विज्ञान संस्थान (IISc) अपने बेंगलुरु परिसर में 800 बिस्तरों वाले मल्टी-स्पेशलिटी अस्पताल के साथ एक स्नातकोत्तर मेडिकल स्कूल की स्थापना करेगा। सोमवार को संस्थान ने सुष्मिता, सुब्रतो बागची, राधा और एनएस पार्थसारथी के साथ साझेदारी की, जिन्होंने सामूहिक रूप से इसकी स्थापना के लिए 425 करोड़ रुपये का दान दिया। इस राशि को IISc को प्राप्त सबसे बड़ा निजी दान माना जा रहा है। अस्पताल का नाम बागची-पार्थसारथी अस्पताल होगा।
अधिकारियों ने कहा कि इस पहल का शैक्षिक केंद्रबिंदु इंटीग्रेटेड ड्यूल डिग्री एमडी-पीएचडी कार्यक्रम होगा, जिसका उद्देश्य चिकित्सक-वैज्ञानिकों की एक नई नस्ल तैयार करना है, जो बेंच-टू- बेडसाइड द्वारा संचालित नए उपचार और स्वास्थ्य देखभाल समाधान विकसित करने के लिए अनुसंधान करेंगे। उन्हें अस्पताल के साथ-साथ IISc में विज्ञान और इंजीनियरिंग प्रयोगशालाओं में एक साथ प्रशिक्षित किया जाएगा।
आईआईएससी के निदेशक प्रो. गोविंदन रंगराजन ने कहा, “उनका योगदान हमें नैदानिक विज्ञान, बुनियादी विज्ञान और इंजीनियरिंग प्रौद्योगिकी विषयों के बीच के हमारे दृष्टिकोण को साकार करने में मदद करेगा, जो सभी इस परिसर में मौजूद हैं। हमें उम्मीद है कि यह भारत में विशेष रूप से चिकित्सा अनुसंधान में संस्थान निर्माण के लिए एक नया खाका तैयार करेगा।”
सुष्मिता बागची ने कहा, “हम आईआईएससी के साथ साझेदारी करने के अवसर के लिए आभारी हैं। हमारे जैसे देश में चिकित्सा अनुसंधान और उसके वितरण को केवल सरकार या कॉर्पोरेट क्षेत्र पर नहीं छोड़ा जा सकता है। हमारे जैसे और लोगों को साथ जुड़ने का समय आ गया है। IISc के साथ हम साझा दृष्टि पाते हैं। यह एक गहराई, क्षमता, नेतृत्व और बड़े पैमाने पर वितरित करने की क्षमता वाली संस्था है। हम अपने दान के स्थायी लाभकारी परिणाम को लेकर बहुत आश्वस्त हैं।” वहीं इस साझेदारी को लेकर राधा पार्थसारथी ने कहा कि, “आईआईएससी का विज्ञान, इंजीनियरिंग और चिकित्सा को एक परिसर में एकीकृत करने का व्यापक दृष्टिकोण भारत के लिए बहुत नया है। यह हमारे लिए सहयोग करने का एक रोमांचक अवसर है। हम जिस महामारी से गुजर रहे हैं, उसने दवा में सार्वभौमिक पहुंच और इक्विटी बनाने की तत्काल आवश्यकता को स्थापित किया है। हम भारत के सबसे सम्मानित शोध संस्थान के इतिहास में एक नई यात्रा का हिस्सा बनने के लिए आभारी हैं।”

Related Posts

अग्निवीर के पहले बैच को कहां मिलेगी नौकरी, किस राज्य में क्या नियम?

अग्निपथ योजना में भर्ती हुए अग्निवीरों का पहला…

Continue reading
इंडिया गठबंधन मार्च : अखिलेश हिरासत में, UP में सपाइयों ने काटा बवाल

इंडिया गठबंधन के सांसदों ने संसद भवन से…

Continue reading

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You Missed

‘अखिलेश जी ड्रामा नहीं हिसाब दीजिए’, JPNIC को लेकर OP राजभर ने सपा चीफ को घेरा

‘अखिलेश जी ड्रामा नहीं हिसाब दीजिए’, JPNIC को लेकर OP राजभर ने सपा चीफ को घेरा

अग्निवीर के पहले बैच को कहां मिलेगी नौकरी, किस राज्य में क्या नियम?

अग्निवीर के पहले बैच को कहां मिलेगी नौकरी, किस राज्य में क्या नियम?

नोएडा प्राधिकरण में भ्रष्टाचार व्याप्त 

नोएडा प्राधिकरण में भ्रष्टाचार व्याप्त 

अरुणाचल प्रदेश में मुख्यमंत्री के दौरे से भड़का लोगों का विरोध!

अरुणाचल प्रदेश में मुख्यमंत्री के दौरे से भड़का लोगों का विरोध!

‘BJP ने इमरजेंसी को पीछे छोड़ दिया’, CJP की प्रेस कॉन्फ्रेंस में बोले आशुतोष रांका

‘BJP ने इमरजेंसी को पीछे छोड़ दिया’, CJP की प्रेस कॉन्फ्रेंस में बोले आशुतोष रांका

क्या आधुनिक जन-आंदोलन गांधी के सत्याग्रह के मानकों पर खरे उतरते हैं?

क्या आधुनिक जन-आंदोलन गांधी के सत्याग्रह के मानकों पर खरे उतरते हैं?