डॉ. रामचंद्र प्रधान ‌ का अनंत में महाप्रस्थान 

तकरीबन 60 साल तक प्रधान जी से मेरे ‌ ताल्लुकात बने रहे। समाजवादी विचारधारा में आस्था रखने वाले डॉक्टर प्रधान ताउम्र सोशलिस्ट‌ तवारीख से जुड़े रहे। समाजवादी आंदोलन के नेताओं और प्रमुख कार्यकर्ताओं से उनका निकट का वैचारिक संबंध बना रहा परंतु संगठन और चुनावी दुनिया से उन्होंने दूरी बनाकर रखी। पार्टी के वैचारिक मोर्चे पर वे सदैव मुस्तैद रहे समय-समय पर पार्टी तथा‌ संबंधित संगठनों की और से निकलने वाली पत्र पत्रिकाओं, किताबों में उनके लेख, समीक्षा छपते रहे, शिक्षण शिविरों, वैचारिक गोष्ठियों में उत्साह के साथ शिरकत करना उनकी आदत में शुमार था। छात्र जीवन में ही प्रधान जी से संबंध जुड़ गया था बाद में रामजस कॉलेज में भी एक सहकर्मी के रूप में भी लंबी अवधि तक उनके साथ काम करने तथा स्टाफ क्वार्टर में‌ एक साथ रहने का मौका भी मुझे मिला। धर्म पर आधारित अन्याय के एक मामले में जो कि सलवान कॉलेज जिसकाअब ‘ दिल्ली कॉलेज आफ आर्ट‌ एंड कॉमर्स’ नाम हो गया के एक शिक्षक जावेद आलम द्वारा एक हिंदू अध्यापिका जयंती गुहा से विवाह करने पर कॉलेज मैनेजमेंट ने उन्हें नौकरी से बर्खास्त कर दिया था उसके प्रतिकार में कनॉट प्लेस में कॉलेज गवर्निंग बॉडी के अध्यक्ष सलवान के दफ्तर पर प्रदर्शन करते हुए वे गिरफ्तार होकर तिहाड़ जेल में बंदी भी रहे। दिल्ली विश्वविद्यालय की शिक्षक राजनीति में वे सदैव सोशलिस्टों के साथ रहे। दिल्ली यूनिवर्सिटी में ‘समाजवादी शिक्षक ‌ मंच’ के वे संस्थापक सदस्य थे। जवाहरलाल नेहरू ‌ म्यूजियम लाइब्रेरी के सहयोग से उन्होंने सोशलिस्ट नेता राजनारायण जी पर एक बहुत ही विचारोत्तेजक,‌ गंभीर, शैक्षणिक सेमिनार आयोजित किया।
कॉलेज से अवकाश प्राप्त करने के बाद वे लेखन के कार्य में जुट गए। उन्होंने Raj to Swaraj, colonialism in India, Reading and Reappraising, Gandhi ‌ के साथ-साथ किसानों के ‌ सिरमौर स्वामी सहजानंद तथा ‌ जंगे आजादी के नायक समाजवादी रामनंदन मिश्र की रचनाओं, क्रियाकलापों पर ‌ कई ‌ खंडो ‌ को संपादित कर किताबों की रचना की।
मिजाज़न प्रधान जी एक उन्मुक्त, खुली जहानियत और खुलूश मोहब्बत के साथ संगी साथियों, दोस्तों के बीच रहते थे। साफगोई उनकी आदत में झलकती थी। समाजवादी साहित्य के निर्माण में कई योजनाएं उनके मन में थी जो अब अधूरी रह गई।
मैं अपने वरिष्ठ प्रधान जी को श्रद्धा सुमन अर्पित करता हूं।

– राजकुमार जैन

  • Related Posts

    Tribute to Chandrashekhar : एक ऐसा समाजवादी पुरोधा, जिसने उसूलों की पूरी राजनीति 

    चरण सिंह  एक ऐसा नेता जिसके आगे सत्ता, पद…

    Continue reading
    चंद्रशेखर जी की पुण्यतिथि पर‌ ‌आंखों देखे संस्मरण!

    प्रोफेसर राजकुमार जैन चंद्रशेखर जी के राजनीतिक जीवन…

    Continue reading

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *

    You Missed

    दौसा में फूड प्वाइजनिंग से मचा हड़कंप, घर की दाल खाने से एक ही परिवार के 7 लोग पहुंचे अस्पताल

    • By TN15
    • July 16, 2026
    दौसा में फूड प्वाइजनिंग से मचा हड़कंप, घर की दाल खाने से एक ही परिवार के 7 लोग पहुंचे अस्पताल

    ममता को झटके पर झटका! मदन मित्रा के बाद अब कोयल मलिक का इस्तीफा, भूपेन्द्र यादव से की मुलाकात   

    • By TN15
    • July 16, 2026
    ममता को झटके पर झटका! मदन मित्रा के बाद अब कोयल मलिक का इस्तीफा, भूपेन्द्र यादव से की मुलाकात   

    जम्मू-कश्मीर में पलटेगी सरकार? BJP का बड़ा दावा, ‘NC के विधायक मुफ्त में बिकने को तैयार!

    • By TN15
    • July 16, 2026
    जम्मू-कश्मीर में पलटेगी सरकार? BJP का बड़ा दावा, ‘NC के विधायक मुफ्त में बिकने को तैयार!

    छाती दबाना और सलवार उतारना रेप नहीं! तो क्या है कानून में बलात्कार की परिभाषा?  

    • By TN15
    • July 16, 2026
    छाती दबाना और सलवार उतारना रेप नहीं! तो क्या है कानून में बलात्कार की परिभाषा?  

    65 कमरों में 250 लोग, न निकास न सुरक्षा – गरीब की जान इतनी सस्ती क्यों? – गंगेश्वर दत्त शर्मा, सीटू

    • By TN15
    • July 16, 2026
    65 कमरों में 250 लोग, न निकास न सुरक्षा – गरीब की जान इतनी सस्ती क्यों? – गंगेश्वर दत्त शर्मा, सीटू

    ‘BJP चालाकी से…’, संविधान संशोधन, परिसीमन बिल का विरोध करेगी कांग्रेस, 1 घंटे की मीटिंग के बाद ऐलान

    • By TN15
    • July 16, 2026
    ‘BJP चालाकी से…’, संविधान संशोधन, परिसीमन बिल का विरोध करेगी कांग्रेस, 1 घंटे की मीटिंग के बाद ऐलान