समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने ड्राइवरों पर डोरे डाले हैं। उन्होंने कहा है कि प्रिय ड्राइवर भाइयों, याद है… भाजपा वाले बीमा कंपनियों को मुनाफ़ा पहुँचाने के लिए और उस मुनाफ़ाखोरी में से चंदे के नाम पर पैसा कमाने के लिए, ड्राइवरों के खिलाफ सज़ा और जुर्माने का एकतरफा काला कानून लाए थे।
भाजपा सरकार कह रही थी कि एक्सीडेंट होने पर ड्राइवर को दसों साल की जेल होगी और उस पर लाखों का जुर्माना लगाया जाएगा। हम जनता की तरफ से पूछते हैं कि जो देश की गाड़ी के ड्राइवर हैं, जिन्होंने नोटबंदी, जीएसटी, चुनावी-चंदे, पीएम केयर फंड, वैक्सीन घोटाले जैसे बड़े-बड़े एक्सीडेंट करके देश के लोगों के जीवन को खतरे में डाला है; जिन्होंने महंगाई, बेरोजगारी, भ्रष्टाचार व संविधान बदलने की बात कहकर लोगों की ज़िंदगी और मान-सम्मान-स्वाभिमान को जोखिम में डाल दिया है, उनकी कितनी सज़ा होनी चाहिए और उन पर कितना जुर्माना लगना चाहिए???
इस बार देश में किसी भी तरह की गाड़ी चलाने वाला, कोई भी ड्राइवर और उनके परिवार का कोई भी सदस्य भाजपा को वोट नहीं देगा क्योंकि वो जानते हैं कि कहीं गलती या थोड़ी सीटों की कमी पड़ने पर किसी घपले या जोड़ तोड़ से अगर ये ‘ड्राइवर विरोधी’ भाजपा सरकार वापस आ गयी तो मुनाफाखोरों के साथ मिलकर फिर से वो ये दमनकारी कानून लागू कर देगी क्योंकि भाजपा ने ये क़ानून मन से नहीं, जनता के दबाव से हटाए हैं। इस बार आप जैसे ड्राइवर ही, देश की सरकार का ड्राइवर बदलने जा रहे हैं। ड्राइवर कहे आज का, नहीं चाहिए भाजपा! इंडिया_की_जीत_देश_की_जीत.








