तिरुपति बालाजी में दर्शन पश्चात नजदीक प्राचीन श्री कालहस्ती मंदिर में पूजा अर्चना की और देशवासियों एवम क्षेत्र की उन्नति एवम विकास की प्रार्थना की : रणबीर सिंह सोलंकी

पश्चिमी दिल्ली के पालम विधानसभा क्षेत्र के निवासी विख्यात समाजसेवी रणबीर सिंह सोलंकी को दक्षिण भारत के ग्रामीण क्षेत्रों के संगठनों, समाजसेवियों एवम किसानों ने आमंत्रित किया जिसके चलते उन्होंने कई ग्रामीण क्षेत्रों में दौरा किया साथ ही वहां की संस्कृति, रीति रिवाज एवम कार्यशैली को समझा।

अपने कई दिनों के दक्षिण भारत भ्रमण के दौरान सोलंकी आंध्र प्रदेश के तिरुपति बालाजी में दर्शन कर चितूर जिले के श्री कल हस्ती नामक स्थान पर एक प्राचीन श्री कालहस्ती (शिव) मंदिर पहुंचे जिसकी बड़ी मान्यता है। यह मंदिर तिरुपति बालाजी से मात्र 35 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है तथा इसकी धार्मिक एवम सांस्कृतिक मान्यता के कारण देश-विदेशों से भी श्रद्धालु आते है।
यहां पहुंच कर श्री सोलंकी को स्थानीय समाजसेवी, व्यवसाई श्री शरण रेड्डी एवम वीरेश किसान ने इन्हे मंदिर के पूजनीय पुजारी आदि गिरी महाराज से परिचय कराया। रणबीर सिंह सोलंकी एवम उनकी पत्नी प्रेमवती सोलंकी देश और क्षेत्र की उन्नति एवम विकास के लिए मंदिर में पूजा अर्चना की।
वहा उपस्थित लोगों ने सोलंकी दंपति को स्वागत के साथ विदाई की तथा उपस्थित जनसमूह को शरण रेड्डी तथा वीरेश किसान ने रणबीर सिंह के सामाजिक कार्यों की सराहना करते हुए उनका विस्तृत परिचय दिया। सोलकी ने लोगों का धन्यवाद करते हुए उन्हें दिल्ली आने का निमंत्रण दिया।

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