यह दावा किया जा रहा है कि अडानी ग्रुप ने सहारा ग्रुप की कई प्रमुख संपत्तियों—जैसे सहारा सिटी, सहारा गंज, सहारा ग्रेस, सहारा स्टार, अंबे वैली (जिसे आमतौर पर अंबी वैली कहा जाता है), मुंबई के फ्लैट्स, वर्सोवा लैंड, सहारा एस्टेट, गोरखपुर और लखनऊ के कार्यालय आदि—को खरीद लिया है। यह दावा सोशल मीडिया और कुछ मीडिया रिपोर्ट्स में वायरल हो रहा है। आइए, तथ्यों की जांच करते हैं।
वर्तमान स्थिति (25 सितंबर 2025 तक)
कोई आधिकारिक अधिग्रहण नहीं हुआ है: उपलब्ध जानकारी के अनुसार, अडानी ग्रुप ने सहारा ग्रुप की इन संपत्तियों को अभी तक पूरी तरह से खरीद नहीं लिया है। हालांकि, हाल ही में (सितंबर 2025) एक संभावित डील की चर्चा चल रही है, जिसमें सुप्रीम कोर्ट की मंजूरी मिल सकती है। यह डील सहारा ग्रुप के मनी लॉन्ड्रिंग और निवेशक धोखाधड़ी केस से जुड़ी है, जहां सहारा को SEBI को निवेशकों को रिफंड करने के लिए संपत्तियां बेचनी पड़ रही हैं।
सुप्रीम कोर्ट का रोल: सुप्रीम कोर्ट ने सहारा ग्रुप को अपनी संपत्तियों (जैसे वर्सोवा लैंड और अंबी वैली) को विकसित करने या बेचने की अनुमति दी है, ताकि ₹10,000 करोड़ जमा किए जा सकें। कोर्ट ने 15 दिनों का समय दिया था (सितंबर 2024 में), लेकिन प्रक्रिया अभी चल रही है। अगर JV (जॉइंट वेंचर) या बिक्री नहीं होती, तो कोर्ट खुद संपत्तियां नीलाम कर सकता है।
अडानी की रुचि:
2017 में, अडानी ग्रुप सहित कई कंपनियां (टाटा, गोडरेज, पतंजलि) ने सहारा की 30 संपत्तियों (कुल मूल्य ₹7,400 करोड़) में रुचि दिखाई थी, लेकिन कोई डील फाइनल नहीं हुई।
जुलाई 2025 में, रिपोर्ट्स आईं कि अडानी ग्रुप मुंबई के सहारा स्टार होटल को खरीदने की दौड़ में है। यह एयरपोर्ट के पास एक प्रीमियम प्रॉपर्टी है, और अडानी की इंफ्रास्ट्रक्चर होल्डिंग्स से मैच करती है।
हालिया सोशल मीडिया पोस्ट (25 सितंबर 2025) में दावा किया गया है कि “सहारा की संपत्तियां अडानी को” मिल रही हैं, और सुप्रीम कोर्ट में डील पर मुहर लग सकती है। लेकिन यह अभी अनौपचारिक स्रोतों पर आधारित है, कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं।
उल्लिखित संपत्तियों की स्थिति:
नीचे एक टेबल में आपकी सूचीबद्ध संपत्तियों की वर्तमान स्थिति का सारांश दिया गया है (स्रोतों के आधार पर):
संपत्तिविवरणवर्तमान स्थिति (2025 तक)सहारा सिटीसहारा की हाउसिंग/रियल एस्टेट प्रोजेक्ट्स (इंदौर, लखनऊ, कोयंबटूर आदि में)2017 में नीलामी सूची में शामिल। अभी बिक्री प्रक्रिया में, कोई अधिग्रहण नहीं।सहारा गंजसंभवतः सहारा गंज मॉल (लखनऊ)सहारा के पोर्टफोलियो में, लेकिन बिक्री की कोई हालिया खबर नहीं।सहारा ग्रेससहारा ग्रेस होटल/प्रॉपर्टीपुरानी संपत्ति, 2017 नीलामी में शामिल। कोई अपडेट नहीं।सहारा स्टारमुंबई एयरपोर्ट के पास 5-स्टार होटलजुलाई 2025 में अडानी की रुचि की रिपोर्ट। डील पेंडिंग।अंबे वैली (अंबी वैली)लोनावाला (महाराष्ट्र) में लग्जरी टाउनशिप (गोल्फ कोर्स, विला आदि)अप्रैल 2025 में ED ने ₹1,460 करोड़ कीमत की 707 एकड़ जमीन जब्त की। सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर बिक्री संभव।मुंबई के फ्लैट्ससहारा के मुंबई हाउसिंग प्रोजेक्ट्सवर्सोवा से जुड़े। सुप्रीम कोर्ट ने JV की अनुमति दी, लेकिन बिक्री पेंडिंग।वर्सोवा लैंडमुंबई में 12.15 मिलियन sq ft जमीनसुप्रीम कोर्ट ने सितंबर 2024 में ₹10,000 करोड़ जेनरेट करने के लिए JV/बिक्री की अनुमति दी। अगर 15 दिन में डील न हो, तो नीलामी।सहारा एस्टेटसहारा की रियल एस्टेट होल्डिंग्ससामान्य रूप से सहारा पोर्टफोलियो का हिस्सा। कोई स्पेसिफिक अपडेट नहीं।गोरखपुर/लखनऊ कार्यालयसहारा के जोनल ऑफिस (गोरखपुर: मूलालय, लखनऊ: हेडक्वार्टर)सहारा हॉस्पिटल (लखनऊ) पर 2017 में अपोलो हॉस्पिटल्स की रुचि। अभी सहारा के पास।
सहारा ग्रुप का बैकग्राउंड:
सहारा इंडिया परिवार एक बड़ा कॉन्ग्लोमरेट था (फाइनेंस, रियल एस्टेट, मीडिया आदि), लेकिन 2012 से SEBI-सहारा केस में फंसा हुआ है। ग्रुप ने अवैध डिबेंचर बेचे, जिससे निवेशकों को नुकसान हुआ। सुप्रीम कोर्ट ने ₹24,000 करोड़ रिफंड का आदेश दिया। ED ने भी मनी लॉन्ड्रिंग केस में संपत्तियां जब्त कीं। कुल संपत्ति मूल्य ₹2,15,000 करोड़ से ज्यादा अनुमानित है।
निष्कर्ष:
यह दावा आंशिक रूप से सही लगता है, लेकिन अभी पूर्ण अधिग्रहण नहीं हुआ। अडानी की रुचि पुरानी है, और हालिया डील (खासकर सहारा स्टार और वर्सोवा लैंड पर) पर सुप्रीम कोर्ट की मुहर लगने की संभावना है। अगर यह डील फाइनल होती है, तो यह अडानी के हॉस्पिटैलिटी और रियल एस्टेट सेक्टर में बड़ा कदम होगा।







