राजधानी लखनऊ का पुरनिया इलाका आज चीखों, आंसुओं और काले धुएं के गुबार में डूब गया। एक तीन मंजिला कमर्शियल बिल्डिंग में अचानक लगी भीषण आग ने ऐसा तांडव मचाया कि वहां मौजूद हर शख्स की रूह कांप उठी। चारों तरफ सिर्फ और सिर्फ चीख-पुकार मची थी. इसी खौफनाक मंजर के बीच एक मां की वो चीख गूंजी, जिसे सुनकर वहां मौजूद हर इंसान की आंखें नम हो गईं “कोई मेरे बच्चे को बचा लो, कोई मेरे बच्चे को अस्पताल ले जाओ.” बिल्डिंग की ऊपरी मंजिल पर चल रहे कोचिंग सेंटर, कंप्यूटर इंस्टीट्यूट और लाइब्रेरी चलने की बातें सामने आ रही हैं जिसे लेकर प्रशासन ने इनकार किया है और कहा है कि वहां गेमिंग जोन था और नीचे एक पेट शॉप थी।
आग की लपटों के बीच अपनों को ढूंढती पथराई आंखें
यह दर्दनाक हादसा दोपहर के वक्त हुआ, जब नीचे बनी एक दुकान में अचानक शॉट सर्किट से आग लग गई। देखते ही देखते आग ने विकराल रूप ले लिया और पूरी बिल्डिंग को अपनी चपेट में ले लिया। जहरीला काला धुआं इतनी तेजी से फैला कि ऊपरी मंजिलों पर मौजूद लोगों को संभलने तक का मौका नहीं मिला. दम घुटने लगा, तो बच्चे जान बचाने के लिए बालकनी की तरफ भागे। बाहर खड़े माता-पिता और राहगीर बेबस होकर अपने बच्चों को आग के बीच तड़पते देख रहे थे. आग की लपटें इतनी तेज थीं कि लोग चाहकर भी अंदर नहीं घुस पा रहे थे. कुछ लोगों और छात्रों ने जब ऊपर से छलांग लगाई, तो नीचे खड़े लोगों के कलेजे फट गए . हर तरफ सिर्फ खून, आंसू और बेबसी का मंजर था. वीडियो में दिख रहा है कि एक महिला अपने बच्चे को अस्पताल ले जाने की गुहार लगा रही है. वहीं लोगों की भीड़ घायलों को तुरंत सहायता देते हुए दिखाई दे रही है।
14 फायर टेंडर और डिप्टी सीएम मौके पर, रेस्क्यू के बीच पसरा सन्नाटा
घटना की भयावहता को देखते हुए मौके पर फायर ब्रिगेड की 14 से ज्यादा गाड़ियां बुलाई गईं. हाइड्रोलिक प्लेटफॉर्म की मदद से दमकलकर्मी खिड़कियों को तोड़कर बच्चों को बाहर निकालने की कोशिश में जुटे रहे. इस हादसे में कई बच्चों के गंभीर रूप से घायल होने और कई लोगों की मौत की आशंका जताई जा रही है, जिसने पूरे शहर को स्तब्ध कर दिया है. फिलहाल 14 से 15 लोगों के मौत की खबर सामने आ रही है लेकिन ये आंकड़ा और भी बढ़ सकता है. सभी मृतकों की उम्र 24-25 साल बताई जा रही है।
आग ने नहीं लापरवाही ले रही जान, फूटा यूजर्स का गुस्सा
इस खौफनाक हादसे की तस्वीरें और वीडियो जैसे ही इंटरनेट पर आए, सोशल मीडिया पर लोगों का दिल दहल गया और यूजर्स अपने आंसू नहीं रोक पा रहे हैं . एक यूजर ने बेहद भावुक होकर लिखा, “एक मां की अपने बच्चे के लिए वो चीख सुनकर मेरा दिल टूट गया, भगवान उन मासूम बच्चों की रक्षा करे .” दूसरे यूजर ने गुस्से में कमेंट किया, “कमर्शियल बिल्डिंग्स में फायर सेफ्टी के नाम पर सिर्फ खिलवाड़ होता है, इन मासूम बच्चों की जान का जिम्मेदार कौन है?” वहीं एक और यूजर ने लिखा, “लखनऊ के इतिहास का यह सबसे दर्दनाक दिन है, बच्चों को इस हाल में देखना सहा नहीं जा रहा है, घायलों के लिए प्रार्थना करें।







