गाजीपुर में 51 लाइसेंस पर 145 हथियार! सपा सांसद अफजल भी फंसे, मुख्तार अंसारी के गिरोह की क्या थी साजिश?

गाजीपुर। गाजीपुर लोकसभा क्षेत्र के समाजवादी पार्टी के सांसद अफजल अंसारी हथियारों के लाइसेंसों में की गई गड़बड़ी के मामले में फंस गए हैं। यहां पर 51 शस्त्र लाइसेंसों पर 145 हथियारों की खरीद-बिक्री की गई है। यह करतूत दो क्लर्कों की मदद से की गई है। इस मामले में बाहुबली नेता और माफिया रहे मुख्तार अंसारी के भाई सांसद अफजल अंसारी और कुख्यात आईएस-191 गिरोह के सदस्य कथित रूप से शामिल रहे हैं। पुलिस ने अफजल और दो लिपिकों के खिलाफ केस दर्ज किया है।

 

सांसद ने क्लर्कों के साथ की मिलीभगत

 

पुलिस के अनुसार, जिले के अभिलेखागार से शस्त्र लाइसेंस और उसकी खरीद-बिक्री से जुड़ी पत्रावली गायब कर दी गई है। इस मामले में सपा सांसद अफजाल अंसारी, तत्कालीन शस्त्र लिपिक अशफाक अहमद और गौरी शंकर राम के खिलाफ कोतवाली पुलिस ने एफआईआर दर्ज की है। बताया जाता है कि यह गड़बड़ी सांसद अंसारी ने दोनों क्लर्कों की मिलीभगत से की थी। अब पुलिस मुख्तार अंसारी के आईएस-191 गिरोह के गुर्गों और उनके सहयोगियों के खिलाफ कार्रवाई कर रही है।
आईएस-191 गिरोह के सदस्यों के हैं हथियार लाइसेंस
एसपी डॉ ईरज राजा के अनुसार माफिया सरगना रहे मुख्तार अंसारी और उसके परिवार के लोगों ने आईएस-191 गिरोह के सदस्यों व सहयोगियों के नाम से जारी किए गए हथियारों के 51 लाइसेंसों की खरीद-बिक्री की थी। इसकी जांच दो महीने तक चली। पुलिस ने उत्तर प्रदेश के कई जिलों के अलावा दिल्ली, पंजाब, राजस्थान और अरुणाचल प्रदेश के जिलाधिकारी कार्यालयों व लाइसेंसी दुकानों पर जाकर जांच की। इसमें शस्त्र लाइसेंस से जुड़ी पत्रावलियों और उस पर खरीदे गए हथियारों का सत्यापन कराया गया। इस जांच से पता चला कि 51 शस्त्र लाइसेंसों पर 145 हथियार खरीदे और बेचे गए हैं।

 

अंसारी के लाइसेंस की पत्रावली गायब

 

पुलिस अधीक्षक ने बताया कि कलेक्टर कार्यालय से जो जानकारी मिली है उसके अनुसार अभिलेखागार में पत्रावलियां मौजूद नहीं हैं। अफजल अंसारी के नाम से जारी लाइसेंस संख्या 1188 पी2 की पत्रावली भी गायब मिली। यह गड़बड़ी कलेक्ट्रेट के शस्त्र लिपिकों की मिलीभगत से की गई थी। लाइसेंस पर खरीदी गई राइफल (नंबर 830405) की जानकारी भी नहीं मिली। इस पर पुलिस ने लाइसेंसधारक अफजल अंसारी, तत्कालीन शस्त्र लिपिक अशफाक अहमद और गौरी शंकर राम के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई गई है।

 

 

30 साल पहले भी हुई थी जांच

 

 

पुलिस के मुताबिक 30 साल पहले भी अलग-अलग जांच एजेंसियों ने इस मामले में कार्रवाई की थी। मऊ, आजमगढ़ और गाजीपुर से फर्जी लाइसेंस जारी किए गए थे। जांच में कई चौंकाने वाले तथ्य सामने आए हैं। पता चला है कि आरोपी और उनसे जुड़े लोग अपने प्रभाव का इस्तेमाल करके कार्रवाई से बचते रहे हैं।

 

क्यों गायब किया गया रिकॉर्ड?

 

पुलिस ने बताया कि आईएस-191 गिरोह और उसके सहयोगियों के नाम पर समय-समय पर शस्त्र लाइसेंस दिए गए थे। इन लाइसेंसों पर 145 हथियार खरीदे गए। यह हथियार पकड़े न जा सकें इसलिए मिलीभगत करके पत्रावलियां अभिलेखागार से गायब करा दी गईं। शस्त्र लाइसेंस की मूल पत्रावली व क्रय-विक्रय पत्रावली इसलिए गायब की गईं ताकि हथियारों का उपयोग आईएस-191 गैंग के सदस्य अपराधिक गतिविधियों के लिए कर सकें।

वाराणसी के डीआईजी वैभव कृष्णा ने कहा है कि, अब तक की जांच में लापरवाही पाए जाने पर दो लिपिकों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। इस तरह के अन्य मामलों की भी जांच कराई जा रही है। हर स्तर पर जांच की प्रक्रिया जारी है जो भी आरोपी पाए जाएंगे, उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज की जाएगी।

 

 

क्या है आईएस-191 गिरोह?

 

 

आईएस-191 (IS-191) गिरोह उत्तर प्रदेश के दिवंगत बाहुबली और माफिया मुख्तार अंसारी चलाते थे। इस कुख्यात अंतर-राज्यीय (Inter-State) संगठित अपराधी गिरोह का पुलिस कोड नेम आईएस-191 है। यह गिरोह सन 1997 में वजूद में आया था। इसका नेटवर्क उत्तर प्रदेश, दिल्ली, पंजाब और अरुणाचल प्रदेश सहित कई राज्यों में फैला हुआ था।

आईएस-191 गिरोह पर हत्या, अपहरण, रंगदारी, जबरन वसूली और सरकारी ठेकों में धांधली जैसे 65 से अधिक गंभीर केस दर्ज थे। मुख्तार अंसारी की मौत के बाद से ही उत्तर प्रदेश पुलिस ‘ऑपरेशन वज्र’ जैसे अभियानों के जरिए इस गैंग के सदस्यों की धरपकड़ कर रही है। इसके अलावा इस सिंडिकेट के सक्रिय सदस्यों की अवैध संपत्तियों को कुर्क और सील करने की कार्रवाई भी जारी है।

  • Related Posts

    सोनम वांगचुक का अनशन को भ्रमजाल का हिस्सा? केशव प्रसाद मौर्य बोले- जनता भ्रम में नहीं आएगी
    • TN15TN15
    • July 18, 2026

    उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने…

    Continue reading
    ‘गाड़ी में सपा का झंडा लगा लें…’, शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद को योगी के मंत्री की सलाह
    • TN15TN15
    • July 18, 2026

    शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती आजकल अपने बयानों को…

    Continue reading

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *

    You Missed

    प्रदर्शनकारियों पर NSA के ‘आदेश’ को लेकर कांग्रेस नेता की पोस्ट से बवाल, अब दिल्ली पुलिस ने दी ये सफाई

    • By TN15
    • July 23, 2026
    प्रदर्शनकारियों पर NSA के ‘आदेश’ को लेकर कांग्रेस नेता की पोस्ट से बवाल, अब दिल्ली पुलिस ने दी ये सफाई

    VIDEO: मौन आंदोलन के दौरान फफक-फफक कर रोए अन्ना हजारे, तबीयत ठीक नहीं होने के बावजूद हुए शामिल

    • By TN15
    • July 23, 2026
    VIDEO: मौन आंदोलन के दौरान फफक-फफक कर रोए अन्ना हजारे, तबीयत ठीक नहीं होने के बावजूद हुए शामिल

    कनॉट प्लेस में शाम 6.30 तक दुकानें, रेस्तरां, ऑफिस हो जाएंगे बंद, CJP प्रदर्शन के बीच NDMC की अपील

    • By TN15
    • July 23, 2026
    कनॉट प्लेस में शाम 6.30 तक दुकानें, रेस्तरां, ऑफिस हो जाएंगे बंद, CJP प्रदर्शन के बीच NDMC की अपील

    गाजीपुर में 51 लाइसेंस पर 145 हथियार! सपा सांसद अफजल भी फंसे, मुख्तार अंसारी के गिरोह की क्या थी साजिश?

    • By TN15
    • July 23, 2026
    गाजीपुर में 51 लाइसेंस पर 145 हथियार! सपा सांसद अफजल भी फंसे, मुख्तार अंसारी के गिरोह की क्या थी साजिश?

    NEET पेपर लीक पर प्रधानमंत्री मोदी के पोस्ट पर CM उमर अब्दुल्ला बोले, ‘कहीं न कहीं…’

    • By TN15
    • July 23, 2026
    NEET पेपर लीक पर प्रधानमंत्री मोदी के पोस्ट पर CM उमर अब्दुल्ला बोले, ‘कहीं न कहीं…’

    CJP से बात करने जंतर-मंतर जाएंगे मंत्री? मानी शर्त, मोदी सरकार बोली- आइए बैठकर करें बात

    • By TN15
    • July 23, 2026
    CJP से बात करने जंतर-मंतर जाएंगे मंत्री? मानी शर्त, मोदी सरकार बोली- आइए बैठकर करें बात