भारत का पहला एकीकृत वेलनेस और वरिष्ठ नागरिकों की देखभाल पर केंद्रित महोत्सव इंडिया एक्सपो सेंटर एंड मार्ट में हुआ प्रारंभ
देव मणि शुक्ल
नोएडा एक स्वस्थ और समावेशी भविष्य की दिशा में ऐतिहासिक पहल करते हुए वेलफेस्ट इंडिया 2025 का भव्य उद्घाटन आज पद्मश्री डॉ. एन. के. पांडे, चेयरमैन, एशियन ग्रुप ऑफ मेडिकल इंस्टीट्यूट द्वारा इंडिया एक्सपो सेंटर एंड मार्ट, ग्रेटर नोएडा में किया गया। इस अवसर पर डॉ. नितिन अग्रवाल (अध्यक्ष, आयोजन समिति, आयुरयोग एक्सपो), डॉ. नीरज खन्ना (अध्यक्ष, EPCH), अवधेश अग्रवाल (मुख्य संयोजक, EPCH) और सचिन सिन्हा (CFO, इंडिया एक्सपो मार्ट लिमिटेड) जैसी प्रतिष्ठित हस्तियां भी उपस्थित रहीं।
यह महोत्सव, जो 2 से 5 अगस्त 2025 तक आयोजित हो रहा है, दो सशक्त और उद्देश्यपूर्ण प्रदर्शनियो आरोग्य एक्सपो (7वां संस्करण) और Eldercare India Expo (प्रथम संस्करण)—को एक छत के नीचे लाकर भारत की पारंपरिक चिकित्सा पद्धतियों और वरिष्ठ नागरिकों की देखभाल पर केंद्रित देश की पहली पहल के रूप में स्थापित कर रहा है।
अपने उद्घाटन भाषण में मुख्य अतिथि डॉ. एन. के. पांडे ने इस महोत्सव की समावेशी और परिवर्तनकारी प्रकृति पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा, “यह एक सराहनीय पहल है जो आयुष्मान भारत जैसी स्वास्थ्य योजनाओं को प्रभावशाली ढंग से लागू करने में सहायक होगी। यदि हम दीर्घ कालिक दृष्टिकोण से इस दिशा में कार्य करें, तो यह देशभर में स्वास्थ्य सेवाओं की पहुंच को क्रांतिकारी रूप से बदल सकता है। हालांकि हमारी स्वास्थ्य व्यवस्था में मांग और आपूर्ति को लेकर अभी भी भारी अंतर है, जिसे केवल एलोपैथी से पाटना संभव नहीं। हमें अपने पारंपरिक चिकित्सा तंत्र—आयुर्वेद, होम्योपैथी, यूनानी, प्राकृतिक चिकित्सा और योग को साथ लाना होगा।” उन्होंने वेलनेस और वरिष्ठ देखभाल क्षेत्रों में जागरूकता, सहयोग प्रणाली और नवाचार की निरंतरआवश्यकता पर भी जोर दिया।
डॉ. नितिन अग्रवाल ने आयुष क्षेत्र की मजबूती पर बोलते हुए कहा कि आरोग्य एक्सपो भारत की वेलनेस विरासत का एक समग्र प्रतिनिधित्व है, जिसमें आयुर्वेद, योग, प्राकृतिक चिकित्सा, सिद्ध और यूनानी पद्धतियों को दर्शाया गया है। यह मंच आयुष की व्यापक संभावनाओं को सामने लाता है फोर्म सतत चिकित्सा से लेकर हर्बल दवाओं और समग्र स्वास्थ्य समाधानों तक। वैश्विक आयुर्वेद बाजार 2023 में यूएसडी 14.4 बिलियन से बढ़कर 2030 तक यूएसडी 76.9 बिलियन तक पहुंचने की उम्मीद है, और भारत से हर्बल उत्पादों और आयुष फॉर्मूलेशनों का निर्यात 2020 से 2023 के बीच 20% वार्षिक दर से बढ़ा है। यह स्पष्ट संकेत है कि विश्व अब प्राकृतिक, निवारक और समग्र चिकित्सा की ओर लौट रहा है।”
डॉ. नीरज खन्ना, अध्यक्ष, EPCH ने कहा, “जब वेलनेस अर्थव्यवस्था तेज़ी से फल-फूल रही है, ऐसे समय में वेलफेस्ट इंडिया जैसे मंचों को सरकारी सहयोग मिलना अत्यंत आवश्यक है। यह मंच पारंपरिक पद्धतियों और आधुनिक आवश्यकताओं के बीच एक सेतु का कार्य करता है और भारत को वैश्विक वेलनेस बाज़ार में अग्रणी बनाने में मदद करता है।”
डॉ. राकेश कुमार, चेयरमैन, इंडिया एक्सपो मार्ट लिमिटेड ने अपनी बात रखते हुए कहा, वेलफेस्ट इंडिया पारंपरिक चिकित्सा, निवारक स्वास्थ्य सेवा और आधुनिक वरिष्ठ देखभाल को एकीकृत करते हुए एक ऐसा इकोसिस्टम बनाता है जो सभी आयु वर्गों के लिए उपयुक्त है। यह इस बात की याद दिलाता है कि स्वास्थ्य कोई विलासिता नहीं बल्कि एक साझा अधिकार है। यदि हम नीतियों, नवाचारों और उद्योग के प्रयासों को एक दिशा में संरेखित करें, तो भारत न केवल वैश्विक वेलनेस बाज़ार में नेतृत्व कर सकता है बल्कि वेलनेस की वैश्विक राजधानी भी बन सकता है।”वेलफेस्ट इंडिया 2025 स्वास्थ्य, गरिमा और सतत जीवनशैली का एक अनूठा उत्सव है। आरोग्य एक्सपो भारत की प्राकृतिक चिकित्सा प्रणालियों की गहराई को प्रदर्शित करता है जिसमें आयुर्वेद, योग, प्राकृतिक चिकित्सा, यूनानी, सिद्ध, होम्योपैथी, -रिग्पा, पंचगव्य, हर्बल उत्पाद, वेलनेस टूरिज्म और नेचुरल हेल्थकेयर सॉल्यूशंस शामिल हैं।
वहीं, पहली बार आयोजित किया गया है जो भारत की वृद्ध होती आबादी की आवश्यकताओं को केंद्र में रखता है—जो 2050 तक 319 मिलियन तक पहुंचने की संभावना है। यह एक्सपो वरिष्ठ जीवन, स्वास्थ्य देखभाल, पुनर्वास, सहायक तकनीकें और आयु-अनुकूल अवसंरचना जैसे विषयों की व्यापक श्रृंखला को प्रस्तुत करता है—जैसे मेडिकल नवाचार, फिजियोथेरेपी, वरिष्ठ देखभाल, एर्गोनोमिक फर्नीचर, घरेलू सुरक्षा समाधानों से लेकर वित्तीय योजना तक।
यह संयुक्त महोत्सव भारत की पारंपरिक और समकालीन वेलनेस दृष्टि को पीढ़ी दर पीढ़ी जोड़ने वाला एक परिवर्तनकारी मंच है। यह नीति निर्माताओं,चिकित्सकों,देखभाल कर्ताओं, वरिष्ठ अनुकूल उत्पाद निर्माताओं,वास्तुकारों, वित्तीय सलाहकारों, वृद्धाश्रम सेवा प्रदाताओं,वरिष्ठ नागरिकों और परिवारों को एक मंच पर लाता है। इसके अलावा, बुज़ुर्गों के मेडिसिन विषयों पर ज्ञानवर्धक सत्र और कार्यशालाएंआयोजित की जा रही हैं।महोत्सव में अनुभवात्मक गतिविधियों की एक श्रृंखला भी है—जैसे वरिष्ठ नागरिकों के लिए चेयर योग सत्र और एशियन इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज़ द्वारा नि:शुल्क स्वास्थ्य जांच जो जागरूकता और समावेशिता को बढ़ावा देते हैं। वेलनेस प्रोफेशनल्स, हेल्थ केयर इनोवेटर्स, केयरगिवर्स, शोध कर्ताओं, पोषण विशेषज्ञों, सेवा प्रदाताओं और वरिष्ठ नागरिकों को एक नई सामूहिक भलाई की यात्रा में भाग लेने के लिए आमंत्रित करता है।
यह महोत्सव प्राकृतिक चिकित्सा से दोबारा जुड़ने, बुज़ुर्गों को सशक्त करने और एक ऐसे भविष्य की कल्पना का, जहाँ वेलनेस सभी के लिए सुलभ, समावेशी और उत्सव का विषय हो।







