इजरायल खाड़ी देशों को सुरक्षा का वादा देकर अपने साथ ला सकते हैं
इजरायल पर भड़ास निकालकर युद्ध से पल्ला झाड़ सकते हैं डोनाल्ड ट्रम्प
चरण सिंह
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने ईरान से युद्ध में जिस तरह से अपनी जीत बताते हुए अपनी सेना की सराहना की है। जिस तरह से उन्होंने ईरान में सत्ता परिवर्तन की बात की है। जिस तरह से उन्होंने ईरान पर हमले और तेज होने की बात की है। जिस तरह से उन्होंने पावर ग्रिड को निशाना बनाने की बात की है। जिस तरह से ईरान के राष्ट्रपति ने अमेरिका के लोगों के लिए खुला पत्र लिखकर कहा है कि ईरान ने बहुत युद्ध झेले हैं। इन सब बातों से कहा जा सकता है कि युद्ध और चलेगा। ऐसे में भारत के लिए तेल और गैस का संकट गहरा सकता है। इजरायल बड़ा गेम करने की र रणनीति बना रहा है।
वैसे भी इजरायल ने कह दिया युद्ध हमने शुरू किया है कर हम बंद करेंगे। मतलब ट्रम्प एक ओर अपने सहयोगी देशों से झटका खा गए हैं दूसरे ओर इजरायल भी अब ट्रम्प को कोई ज्यादा भाव नहीं दे रहा है। जानकारी तो यहां तक मिल रही है कि खाड़ी देश इजरायल के साथ आ सकते हैं। इजरायल उनको सुरक्षा की गारंटी देगा। ऐसे में अमेरिका के लिए बड़ा झटका साबित होगा। वैसे भी अमेरिका के सहयोगी देशों ब्रिटेन, फ़्रांस, स्पेन, स्विट्जरलैंड, स्पेन ने उसका साथ देने से इंकार कर दिया है। डोनाल्ड ट्रम्प अब नाटो से नाता तोड़ने की बात कर रहे हैं।
यूरोपियन यूनियन ईरान के नुकसान की भरपाई कर स्टेट ऑफ़ होर्मुज खुलवा सकती है। वैसे भी ब्रिटेन ने स्टेट ऑफ़ होर्मुज को खुलवाने के लिए 35 देशों की बैठक बुला ली है। ऐसे में देखने की बात यह है कि भारत क्या होगी? देखने में तो पीएम मोदी ने भारत को इजरायल के साथ खड़ा हुआ दिखा दिया है। ऐसे में प्रश्न उठता है कि आखिर इजरायल ने मोदी को क्या वादा किया है जिससे मोदी का इजरायल प्रेम कुछ ज्यादा ही देखा जा रहा है।








