आरजेडी में अब तेजस्वी युग

-लालू यादव ने छोटे को दिया कमान
-अब क्या करेंगे भैया-दीदी?

दीपक कुमार तिवारी

पटना। आरजेडी की राष्ट्रीय कार्यसमिति की बैठक में तेजस्वी यादव को पार्टी की कमान सौंपने का बड़ा फैसला लिया गया है। हालांकि राष्ट्रीय अध्यक्ष पद पर लालू प्रसाद यादव ही बने रहेंगे, लेकिन अब पार्टी की बागडोर तेजस्वी यादव के हाथों में होगी। चुनाव में उम्मीदवारों को सिंबल देने का अधिकार भी अब तेजस्वी के पास होगा, जो पहले राष्ट्रीय अध्यक्ष के पास होता था। ऐसे में सवाल उठता है कि भैया तेज प्रताप और दोनों दीदी क्या करेंगी?
दरअसल, आरजेडी ने अचानक राष्ट्रीय कार्यसमिति की बैठक बुलाई थी। पार्टी का सांगठनिक चुनाव चल रहा है, ऐसे में इस तरह की बैठक अप्रत्याशित थी। बैठक का मुख्य एजेंडा पार्टी के संविधान में संशोधन करना था, जिससे तेजस्वी यादव को और अधिकार दिए जा सकें। इस बदलाव से तेजस्वी यादव पार्टी के महत्वपूर्ण फैसले लेने में सक्षम होंगे।
आरजेडी प्रवक्ता भाई वीरेंद्र ने बैठक के बाद मीडिया को बताया कि पार्टी के संविधान की धारा 35ए में बदलाव किया गया है। पहले इस धारा के अनुसार, सभी बड़े फैसले और चुनाव में सिंबल जारी करने का अधिकार केवल राष्ट्रीय अध्यक्ष के पास था। लेकिन अब इस संशोधन के बाद तेजस्वी यादव भी ये सभी काम कर सकेंगे। भाई वीरेंद्र ने आगे कहा कि राष्ट्रीय कार्यकारिणी ने इस प्रस्ताव को सर्वसम्मति से पारित कर दिया है और इससे पार्टी और मजबूत होगी।
इस फैसले का सीधा सा मतलब है कि लालू यादव नाम मात्र के राष्ट्रीय अध्यक्ष रहेंगे, जबकि पार्टी की वास्तविक कमान तेजस्वी यादव के हाथों में होगी। पिछले कुछ सालों से तेजस्वी यादव ही पार्टी का कामकाज देख रहे थे, लेकिन चुनाव के समय लालू यादव की भूमिका महत्वपूर्ण हो जाती थी। अब यह जिम्मेदारी भी तेजस्वी के कंधों पर होगी।
दरअसल, किसी भी पार्टी में सबसे महत्वपूर्ण नेता वो होता है जो चुनाव में उम्मीदवारों को सिंबल देता है। पिछले लोकसभा चुनाव में यह काम लालू यादव कर रहे थे। अब सिंबल जारी करने का अधिकार तेजस्वी यादव को दे दिया गया है। यानि लालू यादव पूरी तरह सीन से गायब रहेंगे। तेजस्वी ही उम्मीदवार का नाम तय करेंगे और खुद ही सिंबल भी देंगे। माना जा रहा है कि इस बदलाव से तेजस्वी यादव की पार्टी में पकड़ और मजबूत होगी और वो भविष्य में पार्टी को नई दिशा दे सकेंगे। कहा जा रहा है कि यह बदलाव आरजेडी के लिए एक नए युग की शुरुआत का संकेत है।

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