छात्रों को कानून की शिक्षा की ओर रुख करना चाहिए : प्रोफेसर आदित्य केदारी

ऋषि तिवारी
नई दिल्ली। कानूनी कठिनाइयों से जूझ रहे किसी भी क्षेत्र में हर किसी को वकील की जरूरत होती है! चाहे निजी क्षेत्र हो या सार्वजनिक क्षेत्र; समय-समय पर हर क्षेत्र में वकीलों की जरूरत पड़ती रहती है। न केवल कंपनियों या सरकारी कार्यालयों को, बल्कि व्यक्तिगत स्तर पर भी कानूनी समस्याओं को सुलझाने के लिए इन वकीलों की मदद की ज़रूरत होती है। यही कारण है कि कानून की पढ़ाई कर चुके स्नातकों को आज करियर के कई अवसर उभरते दिख रहे हैं। इसलिए छात्रों को इस क्षेत्र की ओर रुख करना चाहिए। ऐसी अपील एमआईटी आर्ट, डिजाइन एंड टेक्नोलॉजी यूनिवर्सिटी के ‘स्कूल ऑफ लॉ’ की प्रोफेसर आदित्य केदारी ने की। वह एमआईटी एडीटी यूनिवर्सिटी द्वारा आयोजित प्रेस कन्फ्रेंस में बोल रहे थे। विश्वविद्यालय के जनसंपर्क अधिकारी प्रो. चंद्रकांत बोरुडे भी इस अवसर पर मौजूद थे। उन्होंने एमआईटी एडीटी यूनिवर्सिटी ‘स्कूल ऑफ लॉ’ द्वारा छात्रों के लिए उपलब्ध पांच वर्षीय बीबीए-एलएलबी, तीन वर्षीय एलएलबी, दो वर्षीय एलएलएम, एक वर्षीय डिप्लोमा इन लीगल जर्नलिज्म पाठ्यक्रमों के बारे में जानकारी दी।

प्रो. केदारी ने बताया कि, एमआईटी एडीटी विश्वविद्यालय प्रोफेसर डॉ. विश्वनाथ दा. कराड के मार्गदर्शन और प्रोफेसर डॉ. मंगेश कराड के दृष्टिकोण के साथ बनाया गया एक विश्वविद्यालय है और पारंपरिक शिक्षा के साथ-साथ छात्रों को कौशल आधारित भविष्य की नौकरियों के अवसरों की पहचान करके शिक्षा प्रदान करता है। हमारे हजारों छात्र विभिन्न क्षेत्रों में बहुत अच्छा प्रदर्शन कर रहे हैं। 125 एकड़ में फैला विश्वविद्यालय परिसर विभिन्न विश्व स्तरीय सुविधाओं से सुसज्जित है। दरअसल, एमआईटी इंजीनियरिंग शिक्षा के लिए जाना जाता था और है। लेकिन अब जब एमआईटी एजुकेशन ग्रुप तेजी से विस्तार कर रहा है, इसीलिए कानून के सबसे महत्वपूर्ण क्षेत्र में अद्वितीय शिक्षा प्रदान करने के लिए स्कूल ऑफ लॉ की स्थापना की गई थी। इसलिए अब हम छात्रों को कानून की शिक्षा में विभिन्न अवसर प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध हैं।

मेरिट के आधार पर 1.5 लाख तक की छात्रवृत्ति
एमआईटी यूनिवर्सिटी सभी आर्थिक रूप से कमजोर छात्रों को कुशल शिक्षा प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध है। इसके लिए, स्कूल ऑफ लॉ छात्रों को उनकी योग्यता के अनुसार शैक्षणिक शुल्क में 1.5 लाख तक की छात्रवृत्ति प्राप्त करने का अवसर प्रदान कर रहा है। इसलिए डीन डॉ. सपना दे ने अपील की है कि वे जल्द से जल्द प्रवेश तय करके इस अवसर का लाभ उठाएं।

– कोट –
एमआईटी शिक्षा समूह की पहचान लंबे समय से इंजीनियरिंग और अन्य विषयों के लिए रही है। लेकिन अब एमआईटी ने अपना दायरा बढ़ा दिया है और हम उन छात्रों के लिए स्कूल ऑफ लॉ जैसी शाखाएं लेकर आए हैं जिन्हें समय की जरूरत है। हम इस विभाग के माध्यम से ऐसी शिक्षा प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध हैं जिससे छात्र को न केवल कानून की शिक्षा मिलेगी बल्कि उसका सर्वांगीण विकास भी होगा।
– प्रो. डॉ. मंगेश तु. कराड, कुलपति एवं कार्यकारी अध्यक्ष, एमआईटी एडीटी यूनिवर्सिटी, पुणे।

  • Related Posts

    संयुक्त किसान मोर्चे ने राष्ट्रीय सम्मेलन में लिए अहम फैसले
    • TN15TN15
    • July 28, 2026

    देश के एक हज़ार स्थानों पर 10 अगस्त…

    Continue reading
    दिल्ली-NCR में भारी बारिश, नोएडा सेक्टर 16 मेट्रो के पास डिवाइडर गिरा!
    • TN15TN15
    • July 28, 2026

    दिल्ली, नोएडा में मंगलवार, 28 जुलाई की दोपहर…

    Continue reading

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *

    You Missed

    संयुक्त किसान मोर्चे ने राष्ट्रीय सम्मेलन में लिए अहम फैसले

    • By TN15
    • July 28, 2026
    संयुक्त किसान मोर्चे ने राष्ट्रीय सम्मेलन में लिए अहम फैसले

    सनी देओल की ‘बंटवारा 1947’ का ट्रेलर रिलीज, बंटवारे के सबसे दर्दनाक दौर की झलक देख दहल जाएगा दिल

    • By TN15
    • July 28, 2026
    सनी देओल की ‘बंटवारा 1947’ का ट्रेलर रिलीज, बंटवारे के सबसे दर्दनाक दौर की झलक देख दहल जाएगा दिल

    ‘हथौड़ा लेकर तोड़ने…’, अखिलेश ने लोकसभा में उठाया जौहर यूनिवर्सिटी का मुद्दा

    • By TN15
    • July 28, 2026
    ‘हथौड़ा लेकर तोड़ने…’, अखिलेश ने लोकसभा में उठाया जौहर यूनिवर्सिटी का मुद्दा

    दिल्ली-NCR में भारी बारिश, नोएडा सेक्टर 16 मेट्रो के पास डिवाइडर गिरा!

    • By TN15
    • July 28, 2026
    दिल्ली-NCR में भारी बारिश, नोएडा सेक्टर 16 मेट्रो के पास डिवाइडर गिरा!

    रिहा होंगे गिरफ्तार किए गए सभी विद्यार्थी!

    • By TN15
    • July 28, 2026
    रिहा होंगे गिरफ्तार किए गए सभी विद्यार्थी!

    प्रेमचंद और हमारा समय : केरल विश्वविद्यालय के हिंदी विभाग में परिचर्चा का आयोजन

    • By TN15
    • July 28, 2026
    प्रेमचंद और हमारा समय : केरल विश्वविद्यालय के हिंदी विभाग में परिचर्चा का आयोजन