‘नीतीश कुमार से मिला आश्वासन’

 मुख्यमंत्री से मिलते ही 2025 के लिए ताल ठोकने लगे अनंत सिंह

 पटना । बाहुबली नेता और पूर्व विधायक अनंत सिंह ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से मुलाकात की। उसके बाद अनंत सिंह ने मुलाकात के बाद बाहर आने के क्रम में मीडिया से बातचीत की। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री से क्षेत्र की जनता और बाकी समस्या को लेकर मुलाकात हुई। नीतीश कुमार ने उन्हें आश्वासन दिया है कि आपका काम हो जाएगा। अनंत सिंह ने ये भी कहा कि उन्होंने नीतीश कुमार से साफ कहा कि वे 2025 का चुनाव लड़ेंगे और नीतीश कुमार फिर से मुख्यमंत्री बनेंगे। अनंत सिंह ने बातों ही बातों में इस बात को साफ कर दिया कि वे ही 2025 में चुनाव लड़ेंगे।
इसी महीने अनंत सिंह बेउर जेल से रिहा किए गए हैं। 16 अगस्त, 2024 को सुबह उनकी रिहाई हुई। बाढ़ और सचिवालय थाना में दर्ज अलग-अलग दो मामलों में उनकी रिहाई का आदेश पटना हाई कोर्ट की ओर से दिया गया था। कोर्ट ने साक्ष्य के अभाव में रिहाई का आदेश दिया था। अनंत सिंह की रिहाई के बाद उनके समर्थकों में काफी खुशी थी। बेउर जेल के बाहर और उनके गृह जिले मोकामा में उनके स्वागत के लिए जनसैलाब उमड़ पड़ा। ध्यान रहे कि अनंत सिंह के नदवां स्थित घर से एके-47 जैसे घातक हथियार की बरामदगी को लेकर अनंत सिंह को निचली अदालत ने 10-10 साल की सजा हुई थी। उसके बाद उन्हें विधायक के पद से इस्तीफा देना पड़ा था।
अनंत सिंह को इसी महीने हाई कोर्ट ने इन आरोपों से बरी कर दिया। अनंत की रिहाई के बाद तेजस्वी यादव की प्रतिक्रिया आई थी। विपक्षी दलों का आरोप था कि नीतीश सरकार की मदद से रिहाई हुई है। उससे पहले पूर्व सांसद आनंद मोहने की भी जेल से रिहाई हुई थी। जिस पर काफी राजनीति हुई थी। ध्यान रहे कि कुछ दिन पहले पैरोल पर जेल से बाहर निकलने वाले अनंत सिंह ने नीतीश कुमार की जमकर तारीफ की थी। उन्होंने बिहार से शराबबंदी हटाने की मांग की थी। उन्होंने मीडिया से कहा था कि शराबबंदी होने की वजह से युवा अलग तरह के नशा करने लगे हैं। उन्होंने कहा कि हम मांग करते हैं कि शराब की जगह-जगह दुकानें खुलना चाहिए।
अनंत सिंह ने ये भी कहा था कि नीतीश कुमार सबसे बढ़िया नेता हैं। नीतीश कुमार बिहार को बनाए हैं। उससे पहले लालू के राज में क्या था? बच्चे स्कूल जाते थे और किडनैप हो जाते थे। तेजस्वी यादव को लेकर अनंत ने कहा, ये सभी एक-दो सीटें मुश्किल से जीतेंगे। उससे ज्यादा नहीं जीतेंगे। कभी नीतीश कुमार के करीबी रहे अनंत सिंह बाद में अलग भी हो गए थे। 2015 के विधानसभा चुनाव से ठीक पहले अनंत सिंह ने पार्टी छोड़ दी थी। उन्होंने मोकामा से निर्दलीय चुनाव लड़ा और जेल में रहते हुए जेडीयू प्रवक्ता नीरज कुमार को हरा दिया था। एक समय में नीतीश कुमार के खिलाफ दिए गए उनके बयान चर्चा में रहते थे। अनंत सिंह और नीतीश कुमार के रिश्ते में उतार-चढ़ाव शुरू से रहा है। लेकिन अब अनंत सिंह लगातार मुख्यमंत्री की तारीफ कर रहे हैं।

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