“10% प्लॉट लेकर रहेंगे—जमीन हमारी है, आपकी नहीं, किसी के बाप की नहीं”
किसान संघर्ष मोर्चा के नेतृत्व में चल रहे धरना-प्रदर्शन के तीसरे दिन सैकड़ों किसानों और महिलाओं ने जोरदार हुंकार भरी। किसानों ने लगातार नारे लगाते हुए कहा—“10% प्लॉट लेकर रहेंगे, जमीन हमारी है, आपकी नहीं, किसी के बाप की नहीं।” आज के धरना-प्रदर्शन की अध्यक्षता शांति देवी ने की तथा संचालन किसान सभा के संयोजक वीर सिंह नागर ने किया।

धरने को डॉ. रुपेश वर्मा, सूरन प्रधान, सुखबीर खलीफा, उदल आर्य, भूपेंद्र तोमर, मुकेश, अशोक भाटी, किसान सभा के संरक्षक जयकरण सिंह भाटी तथा महेंद्र एडवोकेट ने संबोधित किया। डॉ. रुपेश वर्मा ने कहा कि शांतिपूर्ण धरना-प्रदर्शन करना प्रत्येक नागरिक का बुनियादी संवैधानिक अधिकार है। अधिकारियों द्वारा शक्तियों के दुरुपयोग के कारण आकृति चौधरी के मामले में ₹5 लाख का जुर्माना लगाया गया है। हाई कोर्ट ने भी टिप्पणी करते हुए कहा है कि अधिकारी जनता के सेवक हैं, मालिक नहीं। अधिकारियों को जो शक्तियां दी गई हैं, उनके साथ उनकी जिम्मेदारी भी उतनी ही महत्वपूर्ण है। स्वतंत्रता नागरिकों का बुनियादी अधिकार है और शक्तियों का दुरुपयोग करके नागरिकों के इस अधिकार को छीना नहीं जा सकता। सुखबीर खलीफा ने कहा कि जिन किसानों की जमीनों पर आज शहर बस गया है, आज उन्हीं किसानों के हक छीने जा रहे हैं। जमीनों और किसानों के अधिकारों के मामले में दलाली और भ्रष्टाचार का बोलबाला है। पुलिस-प्रशासन द्वारा आज भी गांवों में जाकर फ्लैग मार्च कर किसानों को भयभीत करने का प्रयास किया जा रहा है। अधिकारियों को संविधान के प्रति निष्ठावान रहते हुए नागरिकों के अधिकारों की सुरक्षा के अपने दायित्व का निर्वहन करना चाहिए, न कि नागरिकों को भयभीत करना चाहिए। किसान संघर्ष मोर्चा इसकी घोर निंदा करता है।
सूरन प्रधान ने कहा कि किसान संघर्ष मोर्चा 10% प्लॉट एवं आबादियों के निस्तारण तथा नए कानून के अनुसार 20% प्लॉट लागू कराने के मुद्दे पर न केवल गंभीर है, बल्कि इसके लिए पूरी तरह वचनबद्ध है। जब तक किसानों के उपरोक्त मुद्दों का समाधान नहीं किया जाता, तब तक किसान किसी भी कीमत पर पीछे हटने वाले नहीं हैं। आज के धरना-प्रदर्शन में पूनम, जोगेंद्री, जयप्रकाश आर्य, पप्पू नागर, बीरी प्रधान, पप्पू ठेकेदार, निशांत रावल, प्रशांत भाटी, बाबा करतार, नरेश नागर, मैन मुखिया, डॉ. गजेंद्र, सुंदर भाटी, बुधपाल यादव, गबरी मुखिया, सतबीर यादव, तिलक देवी सहित सैकड़ों किसान उपस्थित रहे।







