शिक्षक दिवस के शुभ अवसर पर सर्वोदय विद्यालय, दिचाओं कला के दो प्रतिभाशाली, प्रेरणादायक और समर्पित शिक्षकों, श्री शंकर गुलिया एवं श्री नितिन को, दिल्ली सरकार द्वारा “राज्य स्तरीय सर्वश्रेष्ठ शिक्षक पुरस्कार” से सम्मानित किया गया। यह गौरवपूर्ण सम्मान स्वयं केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान मुख्यमंत्री श्री श्रीमति रेखा गुप्ता दिल्ली के शिक्षा मंत्री आशीष सूद द्वारा 5 सितंबर को प्रदान किया गया।
यह सम्मान न केवल इन शिक्षकों की व्यक्तिगत उपलब्धि है, बल्कि संपूर्ण विद्यालय समुदाय — शिक्षकगण, छात्रगण, अभिभावक एवं प्रबंधन — की सामूहिक मेहनत और मूल्यों का प्रतीक है।
प्रकृति सेवा फाउंडेशन द्वारा विद्यालय में गरिमामयी सम्मान समारोह
इस ऐतिहासिक उपलब्धि के उपलक्ष्य में, प्रकृति सेवा फाउंडेशन द्वारा विद्यालय परिसर में एक विशेष सम्मान समारोह का आयोजन किया गया।
इस समारोह में सम्मानित शिक्षकों के साथ-साथ विद्यालय की प्रधानाचार्या श्रीमती पूजा गुप्ता जी को भी उनके उत्कृष्ट नेतृत्व व सतत प्रेरणा हेतु सम्मानित किया गया।
सम्मान सामग्री के रूप में भेंट किए गए:
भारत की प्रथम महिला शिक्षिका सावित्रीबाई फुले और
सामाजिक न्याय के पुरोधा महात्मा ज्योतिराव फुले की प्रेरक छवियां,
जेड पौधे (Jade Plant) – जो समृद्धि, सतत विकास और हरियाली का प्रतीक है,
तथा अंगवस्त्र – जो भारतीय परंपरा में सम्मान का प्रतीक माना जाता है।
सम्मान समारोह में उपस्थित विशिष्ट जन:
इस गरिमामयी आयोजन में विद्यालय स्टाफ व छात्रों के अतिरिक्त निम्नलिखित विशिष्ट गणमान्यजन उपस्थित रहे:
श्री दिनेश कुमार कुशवाहा – अध्यक्ष, प्रकृति सेवा फाउंडेशन एवं SMC सदस्य
श्री गुलशन कुमार – महासचिव
श्री दशरथ गोला – उपाध्यक्ष
श्री विनोद गोला – कोषाध्यक्ष
श्री जितेंद्र गुप्ता – सचिव
श्री प्रेम सिंह कुंदरा, श्री मुकेश कुमार झा – सक्रिय सदस्य
श्री सुनील कुमार शौकीन, श्रीमती रश्मि झा सहित अन्य सभी SMC सदस्य
विद्यालय के सभी शिक्षक, शिक्षिकाएं और कर्मचारीगण
प्रार्थना सभा में विद्यार्थियों के समक्ष हुआ सम्मान
यह सम्मान समारोह प्रातः 8 बजे की प्रार्थना सभा में आयोजित किया गया, जिससे विद्यालय के सभी छात्रगण इस प्रेरक क्षण के साक्षी बने।
इस प्रकार का आयोजन विद्यार्थियों में सम्मान, प्रेरणा और सामाजिक चेतना को जागृत करता है।
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प्रेरणात्मक संदेश
प्रधानाचार्या श्रीमती पूजा गुप्ता जी ने अपने प्रेरक संबोधन में कहा:
> “यह सम्मान हमारे विद्यालय की समर्पित शिक्षण परंपरा, टीमवर्क और नैतिक मूल्यों की साक्षात अभिव्यक्ति है। यह उपलब्धि सभी के सहयोग का परिणाम है।”
प्रकृति सेवा फाउंडेशन के अध्यक्ष श्री दिनेश कुमार कुशवाहा का विस्तृत उद्बोधन:
अपने संबोधन में श्री दिनेश कुमार कुशवाहा जी ने कहा:
> “प्रकृति सेवा फाउंडेशन का उद्देश्य केवल वृक्षारोपण और पर्यावरण संरक्षण तक सीमित नहीं है,
बल्कि हम समाज में सकारात्मक मूल्यों, शिक्षा और संस्कारों को बढ़ावा देने के लिए प्रतिबद्ध हैं।
शिक्षक समाज की रीढ़ होते हैं। वे केवल पढ़ाते नहीं, समाज को दिशा देते हैं, संस्कार गढ़ते हैं, और भविष्य निर्माण में योगदान करते हैं।
आज जब हमारे विद्यालय के शिक्षक राज्य स्तरीय पुरस्कार प्राप्त कर रहे हैं, यह न केवल विद्यालय का, बल्कि समस्त समाज का गौरव है।
हमें ऐसे अवसरों को केवल उत्सव के रूप में नहीं, प्रेरणा के रूप में भी देखना चाहिए। यह आयोजन आने वाली पीढ़ियों को सिखाएगा कि मेहनत, समर्पण और सत्यनिष्ठा का मूल्य कितना बड़ा होता है।
हम सभी मिलकर यह प्रयास करें कि हर विद्यालय, हर शिक्षक, और हर छात्र आगे बढ़े, राष्ट्र निर्माण में सहभागी बने।
प्रकृति सेवा फाउंडेशन ऐसे ही आयोजनों के माध्यम से हरित जीवन, शिक्षा और सामाजिक बदलाव की दिशा में कार्य करता रहेगा।”
इस सम्मान समारोह ने स्पष्ट रूप से दिखा दिया कि जब शिक्षक, समाजसेवी संस्थाएं और विद्यालय मिलकर कार्य करते हैं, तो न केवल शैक्षणिक गुणवत्ता में सुधार होता है,
बल्कि सामाजिक चेतना, संस्कार और प्रेरणा का वातावरण भी निर्मित होता है।
“प्रकृति सेवा फाउंडेशन” द्वारा आयोजित यह आयोजन निश्चित रूप से अन्य विद्यालयों, सामाजिक संस्थाओं और शिक्षकों के लिए प्रेरणा का स्रोत बनेगा।








