बिहार विधानसभा पूर्व अध्यक्ष अवध चौधरी से मुलाकात

पूंजीपतियों ,भ्रष्टाचारियों , दलालों ,सांप्रदायिकता,जातिवादियों और अपराधियों द्वारा बनाए गए हिंसक राजनीतिक माहौल में ताजी हवा का झोंका

आज बिहार विधानसभा के पूर्व अध्यक्ष अवध बिहारी चौधरी जी से उनके निवास स्थान पर हम भारत के लोग के संयोजक, महात्मा गांधी के प्रपौत्र तुषार गांधी ने मुलाकात की ।
अवध बिहारी चौधरी जी ने बताया कि वे सिवान कॉलेज में महासचिव थे। जेपी आंदोलन में भूमिगत रहे, चंद्रशेखर जी ने उन्हें टिकट दिलाया तब से वे लगातार सिवान का नेतृत्व करते आ रहे हैं। मंत्री भी रहे तथा 17 महीने बिहार विधानसभा के अध्यक्ष भी रहे।

उनके घर पर पहुंचने पर ऐसा लगा जैसे हम समाजवादी आंदोलन और सामाजिक न्याय आंदोलन की प्रदर्शनी की गैलरी में पहुंच गए हैं। लालू जी ,तेजस्वी जी की फोटो होना लाजिमी है परन्तु वी पी सिंह जी , चंद्रशेखर जी और मुलायम सिंह यादव जी का फोटो लगाई जाने से पता चलता है कि अवधेश बाबू समग्र व्यक्तित्व रखते हैं और विचारों में भी
समग्रता है।
उन्होंने कहा कि मैं सदैव अपनी नजर के सामने महात्मा गांधी की तस्वीर रखता हूं। समाजवादी आंदोलन और सामाजिक न्याय आंदोलन के पुरखों की जब मैं सुबह तस्वीर देखता हूं तब रोज नई ऊर्जा प्राप्त होती है।
उन्होंने तुषार गांधी से कहा कि आप महात्मा गांधी परिवार का अंश है। आप बिहार में बदलाव लाने की जो कोशिश कर रहे हैं, उसमें आपको सफलता जरूर मिलेगी। गांधी जी ने 108 साल पहले चंपारण में किसानों के लिए बिहार वासियों के लिए जो संघर्ष किया, आजादी उसी की परिणिति थीं।
उन्होंने कहा कि जिन लोगों ने बिहार को बर्बाद किया है उसमें नीतीश कुमार प्रमुख है।
उन्होंने कहा कि लालू जी कहते हैं जो डर गया, वो मर गया , उन्होंने कभी बीजेपी से समझौता नहीं किया। समझौता कर लेते तो लालू जी आज जो इतिहास पुरुष की श्रेणी में आते हैं, ऐसा नहीं होता।
तुषार गांधी ने कहा कि वही गुण मैं तेजस्वी यादव में देख रहा हूं।
मैंने उन्हें बताया कि किस तरह नीतीश कुमार ने समाजवादी समागम में आकर आर एस एस मुक्त भारत और नशा मुक्त समाज बनाने का संकल्प हम सबसे सांझा किया था।
इसपर उन्होंने कहा कि बिहार में शराब घर घर बिकती है।
मैंने उन्हें मधु लिमए,मधु दंडवते ,कर्पूरी ठाकुर जी की
जन्मशताब्दी कार्यक्रमों की जानकारी दी ,तब उन्होंने कहा कि आज कल ऐसे नेता राजनीति में दुर्लभ हो गए हैं।
अवध बिहारी चौधरी जी ने तुषार गांधी, मेरा, गुड्डी और लक्ष्मी का शॉल देकर स्वागत किया। मेरे कहने पर उन्होंने बिहार के चुनाव के लिए एक वीडियो अपील भी जारी की।
आज की लूट तंत्र पर आधारित विचार विहीन राजनीति के दौर में अवध बिहारी चौधरी जी से मिलना तुषार जी और हम सबको बहुत अच्छा लगा।
मुझे रघुवंश बाबू और जगदबाबू की याद आई।
पूंजीपतियों ,भ्रष्टाचारियों , दलालों ,सांप्रदायिकता,जातिवादियों और अपराधियों द्वारा बनाए गए हिंसक राजनीतिक माहौल में ताजी हवा का झोंका।

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