Intoxicated With Condoms : पश्चिमी बंगाल में नशे के लिए कंडोम को भी गर्म पानी में मिला पी जा रहे हैं युवा!

Intoxicated With Condoms : दुर्गापुर में मेडिकल स्टोरों पर हाथोहाथ बिक रहे हैं कंडोम, 10-12 घंटे तक रह रहे हैं नशे में, चिकित्सकों ने जताई चिंता

चरण सिंह राजपूत   

Intoxicated With Condoms : कोरोना महामारी के बाद जब देश बेरोजगारी और महंगाई से जूझ रहा है। आर्थिक मंदी का संकट सिर पर आ खड़ा हो गया है। ऐसे में जब देश को सबसे ज्यादा जरूरत है तो देश का युवा नशे में डूब जा रहा है। शराब, ड्रग्स, चरस, अफीम, हेरोइन की बात तो आम हो गई है। आयोडेस्क, क्रोसिन, कोरेक्स भी बीते दिनों की बात हो गई है। अब खबर ऐसी आ रही है कि परिवार नियोजन के लिए बनाये गये गर्भनिरोधक कंडोम को भी युवा गर्म पानी में मिलाकर पी जा रहे हैं। मतलब यदि यह सुनने को मिले कि कंडोम का इस्तेमाल भी नशे के लिए किया जाने लगा है तो आश्चर्य होगा न। जी हां पश्चिमी बंगाल में कंडोम का इस्तेमाल नशे के लिए किया जा रहा है।

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युवा गर्म पानी में कंडोम डालकर उसे लगभग एक घंटे के लिए रख द रहे हैं और बाद में उसे पीकर नशा कर रहे हैं। बताया जा रहा है कि इस पानी के पीने से 10-12 घंटे तक नशा हो रहा है। मामले को लेकर Doctors Expressed Concern है। चिकित्सकों का कहना है कि कंडोम का प्लास्टिक गर्म पानी में घुल जाता है। यह प्लास्टिम लीवर के लिए बहुत खतरनाक होता है। युवाओं के कंडोम को गर्म पानी में मिलाकर इस तरह से पीने से उनके लिए बहुत घातक साबित हो सकता है। दरअसल कंडोम का इस्तेमाल परिवार नियोजन के लिए किया जाता है। यदि किसी प्रदेश में कंडोम की अचानक अप्रत्याशित बिक्री बढ़ जाती है तो आदमी यही अंदाजा लगाएगा कि उस प्रदेश में अय्याशी ज्यादा बढ़ रही है। या फिर महिलाओं का दैहिक शोषण किया जा रहा है।

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पश्चिमी बंगाल में कंडोम का इस्तेमाल नशे क लिए किया जा रहा है। Doctors Expressed Concern. पश्चिमी बंगाल से आई इस खबर से आशंका पैदा हो गई है कि कहीं  युवाओं में कंडोम से नशा करने की यह लत दूसरे राज्यों में न फैलन लगे। तो क्या देश का युवा नशे के लिए किसी भी हद तक जाने के लिए जाने को तैयार है। शराब, ड्रग्स, हेरोइन, चरस, अफीम तो नशे के लिए इस्तेमाल करना आम बात हो गई है। नशे की लत इस हद तक बढ़ गई है कि युवा तरह-तरह के प्रयोग नशे के लिए कर रहे हैं। मामला पश्चिमी बंगाल के दुर्गापुर का है।  दुर्गापुर में सुगंधित कंडोम की मांग अचानक बढ़ी है। बड़ी तादाद में युवक कंडोम के एडिक्ट हो गये हैं। गर्म पानी में कंडोम डालकर उसे पीने का प्रचलन बढ़ रहा है। ज्ञात हो कि कंडोम को यौन रोगों से बचने के और गर्भनिरोधक के रूप में इस्तेमाल करने के लिए बनाया गया है। जब युवक इन कंडोम का इस्तेमाल नशे के रूप में करने लगेंगे तो यह तो हद ही कही जाएगी न।

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दरअसल ऐसी खबरें आ रही हैं कि ये युवक Condom in hot water में रखते हैं और बाद में उस पानी को पीते हैं। इसके चलते इन्हें 10-12 घंटे तक नशा रहता है। जानकारी के अनुसार दुर्गापुर सिटी सेंटर, विधानगर, बेनाचिटी, मुचिपारा, सी जोन और एन जोन जैसे इलाकों में कंडोम की मांग अप्रत्याशित बढ़ी है। पता चला है कि पहले हर दुकान से रोज 3-4  पैकेट कंडोम की बिक्री होती थी। अब मांग इतनी बढ़ गई है कि कंडोम के पैकेट तुरंत खत्म हो जाते हैं। इस तेजी से बिक जाते हैं। दरअसल कंडोम में सुगंधित कम्पाउंड गर्म किये जाने पर एल्कोहल के रूप में टूट जाते हैं।

अगर कोई इसे पीता है तो इसकी लत लग जाती है। इस तरह का सुगंधित कम्पाउंड डेंडाइट गोंद में भी पाया जाता है। इसके कारण बहुत से लोग डेंड्राइट का इस्तेमाल नशे के लिए भी करते हैं।  ऐसी जानकारी मिलती है कि Condom in hot Water अधिक देर तक रखने पर उसके बड़े कार्बनिक अणु टूट जाते हैं और अल्कोहल कम्पाउंड बनाते हैं। इसे पीने से नशा होता है। इसके चलते 10-12 घंटे तक नशा रहता है। इसलिए युवा इसका इस्तेमाल कर रहे हैं।

पश्चिम बंगाल से Intoxicated With Condoms की यह खबर देश के लिए बहुत घातक साबित हो सकती है। यदि देश का युवा 10-12 घंटे नशे में रहने लगा और उसका लीवर किसी काम न रहा तो क्या होगा ? कल्पना करने से ही तबाही दिखाई देती है। वैसे भी देखा गया है कि जब भी कोई बुरी लत किसी राज्य में बढ़ती तो दूसरे राज्यों पर भी इसका बुरा असर पड़ता है। दरअसल कुछ समय से देश में ऐसा माहौल बना है कि लोग आपाधापी में दौड़े चले जा रहे हैं। बच्चों की सही देखभाल और सही मार्गदर्शन न मिलने की वजह से वे बुरी संगति में फंस रहे हैं। युवाओं के तरह-तरह के नशे में पड़ने की वजह स बेरोजगारी और शिक्षा का व्यवसायीकरण भी है।

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