प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने युवाओं के भविष्य को सर्वोच्च प्राथमिकता बताते हुए कहा कि पेपर लीक के सभी मामलों के लिए फास्ट ट्रैक कोर्ट्स बनाए जाएंगे। इस पर जम्मू कश्मीर के सीएम उमर अब्दुल्ला की प्रतिक्रिया आई है। उन्होंने कहा कि कहीं न कहीं तो इनके साथ बैठकर बात तो करनी होगी. आप इतने सारे नौजवानों को नजरअंदाज नहीं कर सकते। जम्मू कश्मीर के सीएम उमर अब्दुल्ला ने कहा, ”जब कॉकरोच जनता पार्टी ने पहले आंदोलन का प्रोग्राम रखा था और उसमें चंद ही लोग आए थे तो कुछ लोगों ने उनका मजाक बनाना शुरू किया था। कहने लगे कि इनके साथ कुछ ही लोग हैं, लाखों लोग सोशल मीडिया पर हैं लेकिन जमीन पर उतरने के लिए तैयार नहीं हैं. अब दिल्ली के हालात आपके सामने हैं। अच्छा खासा हिस्सा बंद पड़ा हुआ है।
कहीं न कहीं नौजवानों में नाराजगी है- उमर अब्दुल्ला
उन्होंने आगे कहा, ”कल रात को भी जंतर मंतर के पास आपको टियर गैस का इस्तेमाल करना पड़ा. कहीं न कहीं नौजवानों में नाराजगी है जिसको अभी तक नजरअंदाज किया गया है। अब अच्छी बात है कि प्रधानमंत्री ने कहा कि युवा महत्वपूर्ण हैं. अच्छी बात होगी कि जो उनकी चिंताएं हैं उनको लेकर बात की जाए। ,
अनंतनाग में बुलडोजर एक्शन पर क्या बोले उमर अब्दुल्ला?
लाल चौक में पुलिस बल के हेड कॉन्स्टेबल की हत्या के बाद अनंतनाग जिले में प्रशासन की ओर से बुलडोजर एक्शन पर पूछे गए सवाल पर सीएम उमर अब्दुल्ला ने प्रतिक्रिया दी. उन्होंने कहा, ”पुलिस की नाराजगी को मैं समझता हूं, लेकिन सुप्रीम कोर्ट का एक आदेश है कि इस तरह से एक्शन नहीं लिया जाना चाहिए. हमने ठीक इसी तरह के हालात पहलगाम हमले के बाद देखे. जब कुछ लोगों के घरों को बुलडोज किया गया। मुझे उस वक्त केंद्र सरकार से बात करके ये सिलसिला रुकवाना पड़ा. जब जांच हुई तो पता चला कि एक भी स्थानीय व्यक्ति उस हमले में शामिल नहीं था।
‘लोगों को साथ लिए बिना इस सिलसिले का खात्मा नहीं होगा’
उन्होंने कहा, ”हमला करने वाले सभी बाहर से आए हुए थे। यहां घरों की तोड़फोड़ करना या हजारों की संख्या में गिरफ्तारियां करके हम हालात को बेहतर नहीं कर पाएंगे। उल्टा हालात और ज्यादा बिगड़ जाएंगे. मेरा अनुभव है, मैंने भी 6 साल जम्मू कश्मीर रियासत को चलाया है. पुलिस की कमान हमारे हाथ में थी. हम जानते थे कि लोगों को साथ लिए बिना इस सिलसिले का खात्मा नहीं होगा. असल में इसका खात्म तभी होगा जब आम लोग हमारे साथ मिलकर इसके खिलाफ उठेंगे।







