बिहार : 40 साल बाद जुटेंगे देश भर के विधानसभा अध्यक्ष

 पटना को मिली पीठासीन सम्मेलन की मेजबानी

दीपक कुमार तिवारी

पटना। बिहार में 20 जनवरी से 23 जनवरी 2025 तक अखिल भारतीय पीठासीन अधिकारियों का 85वां सम्मेलन आयोजित होने जा रहा है। इस सम्मेलन में देशभर के विधानसभा अध्यक्ष, उपाध्यक्ष और विधान परिषद के सभापति और उपसभापति शामिल होंगे। इस महत्वपूर्ण आयोजन के लिए बिहार सरकार ने व्यापक तैयारियां शुरू कर दी हैं। 150 बिहार प्रशासनिक सेवा (बिप्रसे) अधिकारियों को सम्मेलन के सफल आयोजन के लिए बिहार विधानसभा में तैनात किया जाएगा।
सामान्य प्रशासन विभाग ने सोमवार को एक आदेश जारी कर बिप्रसे अधिकारियों की चार दिनों के लिए बिहार विधानसभा सचिवालय में प्रतिनियुक्ति की घोषणा की। यह सम्मेलन बिहार के लिए बेहद खास है क्योंकि इसके पहले 1982 में तत्कालीन विधानसभा अध्यक्ष राधानंदन झा के कार्यकाल में ऐसा सम्मेलन आयोजित हुआ था।
इस सम्मेलन में उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ और लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला विशेष अतिथि के रूप में शामिल होंगे। भवन निर्माण विभाग ने सम्मेलन के लिए तैयारियां शुरू कर दी हैं। उपराष्ट्रपति और लोकसभा अध्यक्ष के लिए अलग-अलग कक्ष बनाए जाएंगे।
भवन निर्माण विभाग ने बताया, ‘विधान परिषद स्थित सभापति के कक्ष में उपराष्ट्रपति के बैठने तो विधानसभा अध्यक्ष के कक्ष में लोकसभा अध्यक्ष के लिए कक्ष बनेगा।’ अन्य पीठासीन पदाधिकारियों के लिए भी अलग-अलग कक्ष तैयार किए जाएंगे।
सम्मेलन में भाग लेने आ रहे अतिथियों के ठहरने के लिए शहर के बड़े-बड़े होटलों को बुक किया गया है। राजकीय अतिथि गृह में भी कुछ लोगों के ठहरने की व्यवस्था की गयी है।
एक निजी होटल के प्रबंधक ने बताया, ‘विधानसभा में 21 से 23 जनवरी के बीच कार्यक्रम होना है। इसके लिए होटल बुक किया गया है।’

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