पंजाब के गुरदासपुर से दिल दहला देने वाली घटना की खबर सामने आई है, यहां ज़मीनी विवाद के चलते बड़े भाई ने अपने छोटे भाई और उसकी पत्नी की गोली मारकर हत्या कर दी. पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है.
सूचना मिलने पर भैणी मियां खान थाने की पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी. पुलिस ने लाशों को पोस्टमार्टम के लिए सिविल अस्पताल भेज दिया है. यह पूरा मामला पैतृक ज़मीन के बंटवारे से संबंधित बताया जा रहा है. यह घटना मंगलवार रात को काहनूवान थाने के अधिकार क्षेत्र में पड़ते गांव नैनेकोट में हुई. मृतकों की पहचान 52 साल के अजायब सिंह और उसकी 50 साल की पत्नी कमल कौर के रूप में हुई है. बड़े भाई अमरजीत सिंह उर्फ अंबा को उनकी हत्या के लिए गिरफ्तार कर लिया गया है.
रिवॉल्वर से वारदात को दिया अंजाम
परिवार और गांव वालों के मुताबिक, अजायब सिंह के बड़े भाई अमरजीत सिंह उर्फ अंबा ने अपने रिवॉल्वर से दोहरे कत्ल को अंजाम दिया. मृतक के रिश्तेदार हरजीत सिंह ने बताया कि तीनों भाइयों का जायदाद को लेकर लंबे समय से चल रहा विवाद चल रहा था. परिवार टाटा नगर (झारखंड) से अपने पैतृक गांव नैनेकोट चले गए थे और अलग-अलग मोहल्लों में रह रहे थे. पिछले एक साल से गांव में नौ एकड़ ज़मीन के बंटवारे के बारे में चर्चा करने के लिए कई पंचायतें बुलाई गईं, लेकिन समझौता नहीं हो सका.
दो अलग-अलग जगहों पर गोलीबारी
रंजिश के चलते अमरजीत सिंह ने मंगलवार देर शाम दोनों का पीछा करके कत्ल कर दिया. उसने पहले अपने भाई अजायब सिंह का पीछा किया और गांव के बाहर एक पोल्ट्री फार्म जाते समय रास्ते में उसे गोली मार दी. अजायब सिंह उस समय सैर कर रहा था. इस दौरान दोषी घर में दाखिल हुआ और अपनी भाभी कमल कौर को अंदर गोली मार दी. रिश्तेदारों ने बताया कि अजायब सिंह के 2 बेटे हैं और दोनों ही घर में नहीं थे. दंपति का एक बेटा ऑस्ट्रेलिया में रहता है और दूसरा बिहार में नौकरी करता है. उन्हें घटना की सूचना दे दी गई है.
मौके पर पहुंच कर पुलिस ने जांच शुरू की
घटना की जानकारी मिलने पर भैणी मियां खान पुलिस स्टेशन के मुख्य अधिकारी गुरनाम सिंह और डीएसपी कुलवंत सिंह मान पुलिस फोर्स के साथ मौके पर पहुंचे और जांच शुरू कर दी. डीएसपी कुलवंत सिंह मान ने पुष्टि की कि दोहरा कत्ल ज़मीनी विवाद के कारण हुआ है.
पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए दोषी अमरजीत सिंह को गिरफ्तार कर लिया है. मृतकों के परिवारों के बयान दर्ज किए जा रहे हैं और इन बयानों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है.

