प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 18 जुलाई 2025 को पश्चिम बंगाल के दुर्गापुर में एक रैली को संबोधित करते हुए ममता बनर्जी की तृणमूल कांग्रेस (TMC) सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने टीएमसी सरकार को राज्य के विकास में बाधा बताया और आरोप लगाया कि यह सरकार “झूठ, अराजकता और लूट” की प्रतीक है। पीएम मोदी ने कहा कि बंगाल में हिंसा, महिलाओं के खिलाफ अत्याचार, बेरोजगारी, भ्रष्टाचार और पुलिस की पक्षपातपूर्ण कार्रवाई जैसे कई संकट हैं, जो टीएमसी के शासन के कारण उत्पन्न हुए हैं। उन्होंने यह भी दावा किया कि बंगाल की जनता अब बदलाव चाहती है और भारतीय जनता पार्टी (BJP) की ओर उम्मीद से देख रही है।
मोदी ने ₹5,400 करोड़ की विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया, जिसे उन्होंने बंगाल के विकास के लिए एक महत्वपूर्ण कदम बताया। साथ ही, उन्होंने टीएमसी पर आयुष्मान भारत योजना को लागू न करने का आरोप लगाया, जिसके कारण राज्य के लोग मुफ्त इलाज से वंचित हैं।
इसके जवाब में, ममता बनर्जी ने पहले भी पीएम मोदी की आलोचना की थी, जिसमें उन्होंने केंद्र पर बंगाल के बकाया फंड रोकने और केंद्रीय एजेंसियों के दुरुपयोग जैसे आरोप लगाए थे। यह राजनीतिक तनाव पश्चिम बंगाल में बीजेपी और टीएमसी के बीच चल रही वर्चस्व की लड़ाई को और तेज करता है।

