उत्तर प्रदेश में ग्रेटर नोएडा के जिम्स अस्पताल में आउटसोर्स कर्मचारियों के धरने को लेकर शुरू हुआ विवाद अब एक बड़े सियासी और कानून-व्यवस्था के संकट में बदल चुका है। बुधवार रात पुलिस द्वारा हड़ताली कर्मचारियों को धरना स्थल से हटाने और कथित बल प्रयोग के विरोध में आज समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ता सड़कों पर उतर आए। सैकड़ों सपा कार्यकर्ताओं ने कर्मचारियों के समर्थन में कलेक्ट्रेट के सामने सूरजपुर परी चौक मार्ग को पूरी तरह जाम कर दिया है। मौके पर भारी पुलिस बल तैनात है और कार्यकर्ताओं व पुलिस के बीच तीखी नोकझोंक हो रही है। इस चक्का जाम की वजह से कई किलोमीटर लंबा ट्रैफिक जाम लग गया है, जिससे राहगीर बेहाल हैं।
सपा कार्यकर्ताओं ने लगाया जाम
सपा कार्यकर्ताओं ने कलेक्ट्रेट के सामने सूरजपुर से परी चौक जाने वाले मार्ग जाम लगा दिया। जिम्स अस्पताल के करीब 700 आउटसोर्सिंग कर्मचारियों को बुधवार रात धरना स्थल से हटाए जाने के विरोध में आज राजनीति गरमा गई है। कर्मचारियों के समर्थन में आज सुबह सैकड़ों की संख्या में समाजवादी पार्टी के नेता और कार्यकर्ता सड़क पर उतर आए और हाईवे को जाम कर दिया।
सपा कार्यकर्ताओं का आरोप है कि प्रशासन और पुलिस ने शांतिपूर्ण ढंग से आंदोलन कर रहे कर्मचारियों पर बर्बरता दिखाई है, जिसे बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। हाईवे जाम होने की सूचना मिलते ही भारी संख्या में पुलिस बल मौके पर पहुंचा. इस दौरान पुलिसकर्मियों और सपा कार्यकर्ताओं के बीच जमकर तीखी नोकझोंक और धक्का-मुक्की देखने को मिली।
जाम खुलवाने में पुलिस को छूटे पसीने
जिम्स अस्पताल का यह अंदरूनी विवाद अब नोएडा की सड़कों पर आ चुका है, जिसने आम जनता की मुश्किलें बढ़ा दी हैं .इस अचानक हुए चक्काजाम की वजह से दिल्ली, नोएडा और ग्रेटर नोएडा को जोड़ने वाली इस मुख्य लाइफलाइन पर वाहनों की कई किलोमीटर लंबी कतार लग गई है। चिलचिलाती धूप में लोग घंटों से जाम में फंसे हुए हैं। पुलिसकर्मी लगातार सपा कार्यकर्ताओं को समझाकर और बलपूर्वक हाईवे से हटाने की कोशिशों में जुटे हैं ताकि यातायात को दोबारा सुचारू किया जा सके। हालांकि, कार्यकर्ता अभी भी सड़क पर डटे हुए हैं और सरकार व स्थानीय प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी कर रहे हैं।







