निर्मला सीतारमण ने यूपी टाइप बोल कांग्रेस को दे दिया बड़ा मुद्दा !

उत्तर प्रदेश के लोगों को आकर्षित करने के लिए प्रियंका गांधी बना रही हैं बड़ा हथियार

चरण सिंह राजपूत 
क्या सत्ता की हनक भाजपा नेताओं की इतनी हावी हो गई है कि उत्तर प्रदेश चुनाव को भी गंभीरता से नहीं ले रही है। हरियाणा विवि के कैलेंडर में पूर्व प्रधानमंत्री चरण सिंह का फोटो हटाने के बाद अब केंद्रीय वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण ने यूपी टाइप बोलकर कांग्रेस को एक बड़ा मुद्दा दे दिया है। इस मुददे को कांग्रेस की यूपी प्रभारी प्रियंका गांधी ने तपाक से लपक लिया है। दरअसल 1 फरवरी को केंद्रीय बजट 2022 पेश किए जाने के बाद मीडिया को संबोधित करते हुए वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण के  ‘यूपी टाइप’ बोल दिया था। वित्त मंत्री के इस बयान को कांग्रेस की राष्ट्रीय महासचिव प्रियंका गांधी ने उत्तर प्रदेश के लोगों का अपमान बताया है। उन्होंने कहा कि यूपी के लोगों को यूपी टाइप होने पर गर्व है।
दरअसल मंगलवार को पेश हुए बजट पर तंज कसते हुए राहुल गांधी ने इसे शून्य बजट कहा था। इसी को लेकर एक प्रेस वार्ता में जब वित्त मंत्री से राहुल गांधी के बयान पर सवाल पूछा गया तो उन्होंने वित्त राज्य मंत्री पंकज चौधरी से इस पर जवाब देने को कहा। इस पर चौधरी ने कहा कि आपने कहा था कि राहुल गांधी को बजट समझ में नहीं आया है। यह असलियत है।
उन्होंने कहा, “निर्मला सीतारमण इसके बाद जवाब देंगी। इस पर मुझे बस इतना कहना है कि इस बजट से सभी को लाभ मिलेगा। कुछ समय में स्पष्ट हो जाएगा।”
वित्त मंत्री का बयान: निर्मला सीतारमण ने पंकज चौधरी की बात आगे बढ़ाते हुए कथित तौर पर कहा, “मुझे ऐसा लगता है कि चौधरी ने एक खास तौर पर यूपी टाइप उत्तर दिया है जो यूपी से भागने वाले सांसद के लिए काफी है।”
अब वित्त मंत्री के इस बयान पर बवाल मचा हुआ है। इसको लेकर प्रियंका गांधी वाड्रा ने एक ट्वीट कर इसे यूपी का अपमान बताया है। उन्होंने अपने ट्वीट में लिखा, “निर्मला सीतारमण जी आपने यूपी के लिए बजट के झोले में कुछ डाला नहीं, ठीक है…लेकिन यू पी के लोगों का इस तरह अपमान करने की क्या ज़रूरत थी? समझ लीजिए, यूपी के लोगों को “यूपी टाइप” होने पर गर्व है। हमको यूपी की भाषा, बोली, संस्कृति व इतिहास पर गर्व है।”
दरअसल अपनी बात रखते हुए निर्मला सीतारमण ने यह भी कहा था कि उस पार्टी पर मुझे दया आती है, जिसके पास ऐसा नेता है, जिसे सिर्फ केवल टिप्पणी करना आता है। सीतारमण ने आगे कहा कि मैं आलोचना झेलने के लिए तैयार हूं, लेकिन उन लोगों से नहीं जो बिना कुछ समझे या होम वर्क किए आते हैं। कांग्रस में राहुल गाँधी और प्रियंका गांधी के बयानों को बड़ी अहमियत मिलती है।
दरअसल चुनाव में भावनात्मक मुद्दे बड़े अहमियत रखते हैं। बिहार चुनाव में जहां डीएनए शब्द छाया रहता है तो महराष्ट्र में भइयन तो दिल्ली में बिहार और पूर्वांचल। ऐसे ही उत्तर प्रदेश में वित्त मंत्री सीतारमण के यूपी टाइप बोलने से कांग्रेस को यूपी के लोगों को भाजपा के खिलाफ करने के लिए एक मजबूत हथियार मिल गया है।
उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव में जहां भाजपा के लिए पश्चिमी उत्तर प्रदेश में जाटों की नाराजगी को दूर करना एक बड़ी चुनौती बना हुआ है वहीं अब निर्मला सीतारमन के यूपी टाइप बोलने पर एक और आफत आ खड़ी हुई है। अब भाजपा के खिलाफ उत्तर प्रदेश में कांग्रेस निर्मला सीतारमन के यूपी टाइप के बयान को इस्तेमाल करेगी।

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