उत्तर प्रदेश के मेरठ शहर में एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहां एकतरफा प्यार की आग में जलते एक युवक ने अपनी पूर्व प्रेमिका (जो एक नर्स है) पर एसिड अटैक करवा दिया। हमलावर ने एक नाबालिग किशोर को पैसे का लालच देकर यह घिनौना कृत्य करवाया। पुलिस ने आरोपी को मुठभेड़ में गिरफ्तार कर लिया, जिसके बाद वह रो-रोकर माफी मांगने लगा। यह घटना 24 सितंबर 2025 को लोहियानगर इलाके में हुई।
घटना का विवरण
पीड़िता: रुखसाना (नाम परिवर्तित), एक नर्स, जो अस्पताल में नाइट ड्यूटी के लिए जा रही थीं। शाम के समय घर से निकलते ही उनके ऊपर एसिड फेंक दिया गया, जिससे उनका हाथ और शरीर का बड़ा हिस्सा बुरी तरह झुलस गया।
आरोपी: महेंद्र प्रजापति (या कुछ रिपोर्ट्स में अन्य नाम), पीड़िता का पूर्व प्रेमी। जब रुखसाना ने उससे बात करना बंद कर दिया, तो वह बौखला गया। उसने एक 17 वर्षीय नाबालिग लड़के को मात्र 2,000 रुपये देकर हमला करवाया।
हमले का तरीका: नाबालिग ने बाइक पर सवार होकर पीड़िता पर एसिड की बोतल उड़ेल दी। हमलावर मौके से फरार हो गया, लेकिन सीसीटीवी फुटेज और तकनीकी जांच से पुलिस ने जल्दी ही आरोपी तक पहुंच बनाई।
आरोपी: महेंद्र प्रजापति (या कुछ रिपोर्ट्स में अन्य नाम), पीड़िता का पूर्व प्रेमी। जब रुखसाना ने उससे बात करना बंद कर दिया, तो वह बौखला गया। उसने एक 17 वर्षीय नाबालिग लड़के को मात्र 2,000 रुपये देकर हमला करवाया।
हमले का तरीका: नाबालिग ने बाइक पर सवार होकर पीड़िता पर एसिड की बोतल उड़ेल दी। हमलावर मौके से फरार हो गया, लेकिन सीसीटीवी फुटेज और तकनीकी जांच से पुलिस ने जल्दी ही आरोपी तक पहुंच बनाई।
पीड़िता को पहले स्थानीय अवध अस्पताल ले जाया गया, लेकिन हालत गंभीर होने पर दिल्ली के एक बड़े अस्पताल में रेफर कर दिया गया। डॉक्टरों के अनुसार, उनके हाथों को गंभीर चोटें आई हैं, और इलाज जारी है।
पुलिस कार्रवाई और आरोपी की गिरफ्तारी
पुलिस ने घटना की सूचना मिलते ही लोहियानगर थाना और सीओ कोतवाली अंतरिक्ष जैन की टीम मौके पर पहुंची। फॉरेंसिक टीम ने एसिड के नमूने और अन्य सबूत इकट्ठा किए।
आरोपी महेंद्र की तलाश में पुलिस टीमें लगीं। 24 सितंबर की रात को लोहियानगर क्षेत्र में मुठभेड़ हुई, जिसमें आरोपी ने पुलिस पर गोली चलाई। जवाबी कार्रवाई में उसके पैर में गोली लगी, और वह घायल हो गया।
गिरफ्तारी के बाद अस्पताल में इलाज के दौरान आरोपी रोते हुए बोला, “साहब! गलती हो गई, माफ कर दो…” लेकिन पुलिस ने कोई नरमी नहीं बरती।
आरोपी महेंद्र की तलाश में पुलिस टीमें लगीं। 24 सितंबर की रात को लोहियानगर क्षेत्र में मुठभेड़ हुई, जिसमें आरोपी ने पुलिस पर गोली चलाई। जवाबी कार्रवाई में उसके पैर में गोली लगी, और वह घायल हो गया।
गिरफ्तारी के बाद अस्पताल में इलाज के दौरान आरोपी रोते हुए बोला, “साहब! गलती हो गई, माफ कर दो…” लेकिन पुलिस ने कोई नरमी नहीं बरती।
कानूनी कार्रवाई
आरोपी महेंद्र प्रजापति के खिलाफ एसिड अटैक, हत्या के प्रयास, POCSO एक्ट (नाबालिग को शामिल करने के कारण) और अन्य गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है। नाबालिग हमलावर की भी तलाश जारी है, और उसके खिलाफ अलग से कार्रवाई होगी। एसपी सिटी आयुष विक्रम सिंह ने बताया कि जांच तेजी से चल रही है, और सभी आरोपी जल्द कोर्ट के सामने पेश होंगे।
घटना का पृष्ठभूमि और प्रतिक्रिया
स्थानीय लोगों ने इस घटना पर भारी रोष जताया और आरोपी की फांसी की मांग की। कुछ रिपोर्ट्स में यह भी उल्लेख है कि पीड़िता की बेटी को उसी नाबालिग से परेशानी हो रही थी, जिसका विरोध करने पर यह हमला हुआ। यह मामला एकतरफा प्यार की हिंसा को दर्शाता है, जो महिलाओं के लिए कितना खतरनाक साबित हो सकता है।
पुलिस ने पीड़िता परिवार को सुरक्षा का भरोसा दिया है, और एसिड अटैक रोकथाम के लिए जागरूकता अभियान चलाने की बात कही है। यह घटना उत्तर प्रदेश में महिलाओं की सुरक्षा पर सवाल खड़े करती है।
पुलिस ने पीड़िता परिवार को सुरक्षा का भरोसा दिया है, और एसिड अटैक रोकथाम के लिए जागरूकता अभियान चलाने की बात कही है। यह घटना उत्तर प्रदेश में महिलाओं की सुरक्षा पर सवाल खड़े करती है।







