किसान सभा का पैदल मार्च

अखिल भारतीय किसान सभा, भारतीय किसान परिषद, जय जवान जय किसान मोर्चा एवं अन्य सहयोगी संगठनों ने बैरिकेड तोड कलेक्ट्रेट में किया जबरदस्त प्रदर्शन-हजारों की संख्या में किसानों ने मोजर बेयर गोल चक्कर पर इकट्ठा होकर हाथ में तख्ती झंडा बैनर लेकर कलेक्ट्रेट के लिए पैदल मार्च किया कलेक्ट्रेट पर सैकड़ो की संख्या में पुलिसकर्मियों ने बेरीकेट तोडकर किसानों को रोकने की कोशिश की परंतु किसानों ने बैरिकेड तोड़ते हुए कलेक्ट्रेट का घेराव कर डेरा जमा दिया जबरदस्त नारेबाजी भाषण के बाद 25 सदस्य प्रतिनिधिमंडल ने जिलाधिकारी से वार्ता की और वार्ता में स्पष्ट रूप से किसान प्रतिनिधियों ने कहा की 10% के प्लाट का मुद्दा ढाई लाख किसानों से संबंधित है जिसे और उपेक्षित नहीं किया जा सकता नए कानून को लागू करना समय की आवश्यकता है। 20% विकसित प्लाट सर्कल रेट का चार गुना मुआवजा हर बलिग सदस्य को रोजगार के नए कानून में प्रावधान किए गए हैं जिसे तुरंत लागू करने की सिफारिश है। हाई पावर कमेटी आबादी के 830 प्रकरणों ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण में लंबित हैं जिन पर तुरंत निर्णय की आवश्यकता है किसान सभा के जिला अध्यक्ष डॉ रुपेश वर्मा ने संबोधित करते हुए कहा कि आज का धरना प्रदर्शन कमेटी को इस बात से आगाह करने के लिए किया गया है कि कमेटी को न्याय पूर्ण तरीके से कानून के अनुसार हाई कोर्ट के आदेश के अनुसार अपनी सिफारिशें सरकार को किसानों के पक्ष में देनी है जिससे कि किसानों के पक्ष में निर्णय हो सके सुखबीर खलीफा ने एनटीपीसी के किसानों के बारे में बोलते हुए कहा कि एनटीपीसी के किसानों से किए वादे अभी तक पूरे नहीं हुए हैं जिन्हें तुरंत पूरा किया जाए‌। सुनील फौजी ने कहा आज का धरना प्रदर्शन इस तौर पर ऐतिहासिक है कि सभी अधिग्रहण करने वाली एजेंसीयों के बाबत एक कमेटी माननीय मुख्यमंत्री ने गठित की है जिसे किसानों की सभी समस्याओं के संबंध में अपनी सिफारिशें देनी है किसान आगाह करना चाहते हैं कि यदि किसानों के पक्ष में सिफारिशें नहीं दी गई तो तीनों प्राधिकरणों के गेट बंद कर दिए जाएंगे। आज के धरने प्रदर्शन की अध्यक्षता जोगेंद्री देवी जिला सचिव किसान सभा ने की। धन्यवाद प्रस्ताव वीर सिंह नेताजी ने प्रस्तुत किया। संचालन जगबीर नंबरदार, उदल आर्य ने किया। विचार प्रकट करने वालों में इंद्र प्रधान, बृजेश भाटी, गंगेश्वर दत्त शर्मा, जगबीर नंबरदार, उदल आर्य, केपी सिंह डॉक्टर फकीरचंद अजब सिंह नेताजी डॉक्टर जगदीश अजीत एडवोकेट जितेंद्र एडवोकेट मोनू मुखिया करतार सिंह नागर नरेश नागर रईसा बेगम बिजेंद्र नागर निरंकार प्रधान अशोक भाटी प्रशांत भाटी अजब सिंह नागर बबलू नेताजी जितेंद्र कृषक शक्ति यशपाल कृषक शक्ति शिशांत भाटी संदीप भाटी निशांत रावल गवरी मुखिया सुरेश यादव सुरेंद्र भाटी जोगेंद्र प्रधान पप्पू ठेकेदार यतेंद्र मैनेजर धीरज सिंह सतपाल खेड़ी अजय पाल भाटी अशोक आर्य, निशांत रावल सुधीर रावल, मुकुल यादव, अंकित यादव, सूले यादव, गुरप्रीत एडवोकेट, अमित नागर, ओम दत्त शर्मा, नितिन चौहान, रेखा चौहान तेजेंद्र चौहान, बबली कैमराला, सुरेंद्र भाटी बडपुरा, विनोद एडवोकेट, मांगेराम एडवोकेट, गजेंद्र एडवोकेट, उधम सिंह एडवोकेट, मुकेश कुमार राघव सीटू, राजे नागर नरेंद्र नागर, जयप्रकाश आर्य, प्रेमपाल चौहान, कुंवर पाल प्रधान, सुरेंद्र चौहान, भूले प्रधान, उदयवीर प्रधान, गोपाल शर्मा, डॉक्टर वीरेंद्र राघव, पंकज खारी रहे। हजारों की संख्या में महिला पुरुष किसानों ने धरना प्रदर्शन में हिस्सा लिया।

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