भारत के पूर्व राष्ट्रपति, महान वैज्ञानिक, शिक्षाविद और युवाओं के प्रेरणास्रोत डॉ. ए.पी.जे. अब्दुल कलाम जी की जयंती के अवसर पर सीटू गौतम बुद्ध नगर के सचिव गंगेश्वर दत्त शर्मा ने उन्हें कोटि-कोटि नमन करते हुए श्रद्धांजलि अर्पित की।
गंगेश्वर दत्त शर्मा ने कहा कि डॉ. कलाम का जीवन सादगी, मेहनत और राष्ट्र सेवा का प्रतीक है। ‘मिसाइल मैन’ के रूप में उन्होंने भारत को विज्ञान और रक्षा क्षेत्र में नई ऊंचाइयों तक पहुंचाया। उनका प्रसिद्ध संदेश — “सपने वो नहीं जो हम नींद में देखते हैं, सपने वो हैं जो हमें नींद ही नहीं आने देते” — आज भी करोड़ों विद्यार्थियों और युवाओं को प्रेरित करता है।
उन्होंने कहा कि 15 अक्टूबर को विश्व विद्यार्थी दिवस के रूप में मनाया जाना कलाम साहब के शिक्षा और युवाओं के प्रति समर्पण का सम्मान है। हमें उनके बताए मार्ग — सपना देखो, विचार करो, मेहनत करो और सफलता हासिल करो — पर चलकर राष्ट्र निर्माण में योगदान देना चाहिए।







