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रावण को बड़े घाव देने वाली हैं घावरी!

नगीना सांसद पर लगाया इस्तेमाल करने का आरोप, अपने को बताया बताने एएसपी का थिंक टैंक

2021 से रह रही थी रिलेशनशिप में, पहले छिपाने और फिर पत्नी को बोझ का आरोप

चरण सिंह 

नई दिल्ली/लखनऊ/बिजनौर। आज़ाद समाज पार्टी के संस्थापक और नगीना से सांसद चंद्रशेखर आज़ाद के लिए रोहिणी घावरी एक बड़ी आफत बनने वाली है। रोहिणी घावरी ने जिस तरह से चंद्रशेखर आज़ाद पर रिलेशनशिप में रहने और उनकी भावनाओं से खेलने का आरोप लगाया है। जिस तरह से वह अपने सम्मान के लिए चंद्रशेखर आज़ाद से लड़ने की बात कर रही हैं। उसको देखते हुए 2027 के विधानसभा चुनाव में चंद्रशेखर आज़ाद को कई प्रकार की दिक्कतों का सामना कर पड़ सकता है।

दरअसल चंद्रशेखर आज़ाद दलित समाज में एक हीरो के रूप में उभर कर सामने आये हैं। बताया जाता है कि जब 2017 में वह बड़े आंदोलनकारी के रूप में उभर कर सामने आए थे। सहारनपुर में राजपूतों से टकराव के बाद चंद्रशेखर आज़ाद को जेल में तमाम प्रकार की यातनाओं का सामना करना पड़ा। उस समय दलित समाज की एक से बढ़कर के युवती चंद्रशेखर आज़ाद के संघर्ष की दीवानी थी। चंद्रशेखर आज़ाद पर अपने समाज की लड़कियों के साथ अय्याशी करने की ख़बरें भी अंदरखाने बीच बीच में मार्केट में आती रही हैं।
रोहिणी घावरी 2021 से चंद्रशेखर आज़ाद के साथ रिलेशनशिप में रह रही हैं। उनका कहना है कि वह चंद्रशेखर आज़ाद के लिए थिंकटैंक का काम करती रही हैं। स्विट्जरलैंड में रह रहीं रोहिणी घावरी ने एक डिजिटल चैनल से बात करते हुए कहा है कि अक्सर लड़कियों पर चरित्रहीनता का आरोप लगा दिया जाता है। इन सबके के खिलाफ वह लड़ रही हैं। उनका कहना था कि वह लोगों की उस सोच के खिलाफ खड़ी हुई हैं कि जो सब गलती लड़कियों की निकाल देते हैं।
दरअसल चंद्रशेखर आज़ाद के लिए रोहिणी इसलिए भी बड़ी टेंशन बन सकती है क्योंकि एक तो रोहिणी चंद्रशेखर की सभी कमजोरी जानती हैं। दूसरे उनके पास ऐसे बहुत सबूत होंगे जिसे देखकर चंद्रशेखर आज़ाद पर चरित्रहीनता का आरोप लगाया जा सकता है। पश्चिमी उत्तर प्रदेश में चरित्र का मुद्दा बड़ा मुद्दा माना जाता है। दलितों में बढ़ती ताकत क रोकने के लिए विरोधी दल भी इन आरोप को हवा दे सकते हैं। रोहिणी आचार्य का यह भी कहना है कि 2022 के विधानसभा चुनाव में जमानत जब्त होने पर चंद्रशेखर टूट गए थे।
उन्होंने ही उन्हें संभाला था। उन्होंने ही उन्हें लोकसभा चुनाव में जुटने के लिए कहा था। उनके संघर्ष को गति  देने की बात करने वाली रोहिणी उन पर उनकी पत्नी को लेकर उनसे की गई बातों की भी चर्चा कर रही है। उनके हिसाब से चंद्रशेखर आज़ाद उन्हें जीवन साथी बनाने चाहते थे। रोहिणी को बसपा में भी शामिल कराया जा सकता है। चंद्रशेखर आज़ाद सबसे अधिक खतरा बीएसपी के लिए ही है। वैसे भी रोहिणी दलित लड़की है।
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