भवेश कुमार
पटना। पटना और आसपास के क्षेत्रों में प्रदूषण कम करने के लिए परिवहन विभाग ने 23 फरवरी की अधिसूचना के अनुसार 31 अगस्त के बाद से डीजल स्कूली बसों का परिचालन बंद होगा। इससे पहले 40 हजार से ज्यादा ऑटो और नगर बसों को सीएनजी में बदल दिया गया था।
परिवहन विभाग द्वारा प्रदूषण कम करने के लिए एक और बड़ा कदम उठाया गया है। एक सितंबर से पटना, दानापुर, फुलवारी शरीफ और खगौल में डीजल से चलने वाली स्कूल बसें नहीं चलेंगी। इनकी जगह अब सीएनजी या इलेक्ट्रिक बसें ही बच्चों को स्कूल ले जाएंगी। जिला परिवहन कार्यालय जल्द ही सभी स्कूलों को इस बारे में नोटिस भेजने वाला है।
पटना में बढ़ते प्रदूषण को कम करने के लिए परिवहन विभाग पहले ही कई कदम उठा चुका है। सबसे पहले डीजल ऑटो और फिर डीजल बसों पर रोक लगाई गई। 31 अगस्त तक ही डीजल स्कूल बसें चल सकेंगी। इसके बाद सिर्फ सीएनजी या इलेक्ट्रिक बसों को ही अनुमति होगी। परिवहन विभाग ने 23 फरवरी 2023 को ही इस बारे में अधिसूचना जारी कर दी थी।
पटना में पहले करीब 40 हजार से ज्यादा डीजल ऑटो चलते थे, लेकिन एक अप्रैल 2021 से इन पर रोक लगा दी गई। इसी तरह एक सितंबर 2023 से डीजल बसें भी बंद हो गईं। अब एक सितंबर 2024 से डीजल स्कूल बसों पर भी रोक लग जाएगी।

