लापरवाही एवं मनमानी कार्यवाही से 2 लोगों की जिंदगी के साथ हुए खिलवाड़ एवं लाखों का नुकसान का जिम्मेदार कौन?
छतरपुर। वन विभाग छतरपुर रेंज की टीम ने वीती शाम फोरलेन पर नौगांव के समीप एक ट्रक को रोककर चैक किया तो उसमें प्लाईबुड भरा था एवं चालक के पास दस्तावेज भी मौजूद थे , परंतु एक डिप्टी रेंजर एवं वन रक्षक सिंघम बनने के चक्कर में ट्रक को पकडक़र डिपो लेकर आ गए जब डिपो में भी जुगाड़ न हो सकी तो ट्रक को छोड़ दिया गया। वाहन चालक ट्रक को लेकर जैसे ही डिपो से बाहर निकल रहा था तो गेट के पहले रात्रि में अनियंत्रित होकर पलट गया। ट्रक पलटते ही स्टाफ के हाथ पैर फूल गए एवं मौके से स्टाफ लापता हो गया। हादसे में बाल-बाल बचे चालक एवं क्लीनर ने ट्रक से निकलकर घटना की जानकारी वाहन स्वामी को दी। सूचना लगते ही पुलिस भी मौके पर पहुंच गयी। ट्रक चालक सिकंदर खान ने बताया कि उसने पहले ही टीम को बताया था कि ट्रक में प्लाई बोर्ड भरा हुआ है। उसके पास प्लाई बोर्ड परिवहन संबंधी दस्तावेज भी मौजूद थे। इसके बावजूद टीम में शामिल वन विभाग के कर्मचारी उससे मारपीट कर जबरन ट्रक को डिपो लेकर आए थे। गलत इंफोर्मेशन, जल्दबाजी एवं लापरवाही के साथ हुई कार्यवाही से हुए हादसे में 2 जिंदगियों के सथ हुए खिलवाड़ एवं वाहन एवं उसमें रखे लाखों के माल के नुकसान की जिम्मेदारी विभाग में कौन लेगा? मामले की जानकारी छतरपुर से लेकर भोपाल तक पहुंचने से हडक़ंप मच गया। छोटी कार्यवाही के नाम पर वाहवाही लूटने वाले वरिष्ठ अधिकारी इस नुकसान को लेकर क्या कार्यवाही करेंगे या मामले को जांच के नाम पर उलझा देंगे।








