अभिजीत पाण्डेय
नयी दिल्ली /पटना। बिहार को विशेष राज्य का दर्जा नहीं मिल सकता ।केंद्रीय वित्त राज्य मंत्री पंकज चौधरी का ने लोकसभा में जेडीयू की ओर से पूछे गए सवाल का जवाब देते हुए कहा तमाम अर्हताओं की ओर इशारा किया और कहा कि विशेष राज्य के लिए जो प्रावधान की जरूरत है वो बिहार के लिए ऐसा कुछ भी नहीं है।
झंझारपुर से जेडीयू के सांसद रामप्रीत मंडल के सवाल के जवाब में वित्त राज्यमंत्री पंकज चौधरी ने लोकसभा में लिखित जवाब में कहा है कि बिहार को विशेष राज्य का दर्जा नहीं मिल सकता है।
वित्त राज्य मंत्री पंकज चौधरी ने लोकसभा में साफ कहा कि विशेष राज्य का दर्जा पाने के लिए जो नार्म्स हैं उसे बिहार पूर करना होता है. बिहार में उसको लेकर ऐसा कुछ भी नहीं है।
जेडीयू की ओर से सांसद रामप्रीत मंडल ने बिहार को विशेष राज्य का दर्जा देने की मांग की थी और अपना सवाल पूछा था, जिसके जवाब में केंद्र सरकार ने कहा कि राष्ट्रीय विकास परिषद ने विशेष राज्य श्रेणी के लिए जो मानक तय किए हैं।
उनमें कठिन भौगोलिक स्थिति, कम जनसंख्या घनत्व, आदिवासी जनसंख्या का बड़ा भाग और पड़ोसी देशों के साथ सीमा क्षेत्र के साथ आर्थिक और संरचनात्मक पिछड़ापन को ध्यान में रखते हुए कुछ राज्यों को विशेष राज्य का दर्जा दिया लेकिन बिहार के संबंध में ऐसा कुछ नहीं है।
विशेष दर्जा दिए जाने की मांग पर डिप्टी सीएम सह वित्त मंत्री सम्राट चौधरी ने सोमवार को कहा कि बिहार को आर्थिक सहयोग की जरूरत है। हम लोगों ने प्रधानमंत्री और केंद्रीय वित्त मंत्री से आग्रह किया है कि बिहार को विशेष आर्थिक मदद की जरूरत है। प्रधानमंत्री और केंद्रीय वित्त मंत्री इस पर निर्णय लेंगे।
सम्राट चौधरी ने कहा कि मुख्यमंत्री का भी लगातार आग्रह रहा है कि हमको बिहार में अतिरिक्त मदद की जरूरत है। स्पेशल स्टेटस के सवाल को सम्राट चौधरी टाल गए। उन्होंने कहा, “एनडीए के नेतृत्व वाली केंद्र की सरकार ने बिहार को लगातार विशेष मदद देने का काम किया है, चाहे वो अटल जी की सरकार रही हो या प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी की सरकार रही हो।

