जयपुर। राजस्थान के झालावाड़ में सरकारी स्कूल की बिल्डिंग गिरने से 4 बच्चों की मौत हो गई है। हादसा पीपलोदी गांव का है.रेस्क्यू कार्य जारी है। ग्रामीणों, स्कूल स्टाफ और टीचर्स की मदद से बच्चों को मलबे से बाहर निकाला जा रहा है। घायल बच्चों का इलाज मनोहर थाना अस्पताल में किया जा रहा है और उनके परिजन भी अस्पताल पहुंचे हैं।
राजस्थान के झालावाड़ जिले के मनोहरथाना इलाके के पिपलोदी गांव में सरकारी स्कूल की जर्जर बिल्डिंग गिरने से दर्दनाक हादसा में अब तक 6 बच्चों की मौत की पुष्टि हो चुकी है, जबकि 27 बच्चे घायल बताए जा रहे हैं, जिनमें 2 बच्चों की हालत गंभीर बताई जा रही है। हादसे के वक्त स्कूल में करीब 60 से 70 बच्चे मौजूद थे।
जानकारी के अनुसार मलबे में दबे सभी बच्चों को बाहर निकाल लिया गया है। बता दें कि इमारत गिरते ही गांव में अफरा-तफरी मच गई थी। स्थानीय ग्रामीणों, शिक्षकों और प्रशासन की मदद से रेस्क्यू अभियान शुरू किया गया था। जेसीबी की मदद से मलबा हटाकर बच्चों को बाहर निकाला गया. घायलों को मनोहरथाना अस्पताल और झालावाड़ के एसआरजी अस्पताल रेफर किया गया है. प्रशासन और चिकित्सा विभाग ने अस्पतालों में विशेष इंतजाम किए हैं। पुलिस ने जिन बच्चों की मौत की पुष्टि की है उनमें शामिल हैं- प्रियंका पुत्री मांगीलाल भील, सतीश पुत्र बाबूलाल भील, हरीश पुत्र हरकचंद लोधा और पायल पुत्री लक्ष्मण भील। चारों के शव मनोहरथाना अस्पताल की मोर्चरी में रखवाए गए हैं।
झालावाड़ के पीपलोदी में विद्यालय की छत गिरने से हुआ दर्दनाक हादसा अत्यंत दुःखद एवं हृदयविदारक है. घायल बच्चों के समुचित उपचार सुनिश्चित करने हेतु संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया गया है. ईश्वर दिवंगत दिव्य आत्माओं को अपने श्रीचरणों में स्थान प्रदान करें तथा शोकाकुल परिजनों को यह अपार दुःख सहन करने की शक्ति दें. ॐ शांति!
भजनलाल शर्मा, राजस्थान मुख्यमंत्री
सभी बच्चों को निकाला गया मलबे दबे सभी बच्चों को निकाल लिया गया है। घायल बच्चों को निकालकर मनोहर थाना अस्पताल पहुंचाया गया है.गंभीर घायल बच्चों को झालावाड़ के बड़े अस्पताल में रेफर किया जा रहा है।
झालावाड़ के मनोहरथाना में एक सरकारी स्कूल की इमारत गिरने से कई बच्चों एवं शिक्षकों के हताहत होने की सूचना मिल रही है। मैं ईश्वर से कम से कम जनहानि एवं घायलों को शीघ्र स्वास्थ्य लाभ देने की प्रार्थना करता हूं।
अशोक गहलोत, राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री
कैसे हुआ हादसा
ग्रामीणों ने बताया स्कूल की इमारात काफी पुरानी थी और काफी समय से जर्जर अवस्था में था. जिसके कारण ये हादसा हुआ। इमारत पुरानी होने के बाद भी इसकी मरम्मत नहीं की गई. वहीं शुक्रवार सुबह स्कूल की छत अचानक से ढह गई। हादसे के समय स्कूल में बच्चे मौजूद थे।
दांगीपुरा थाना अधिकारी सहित पुलिस बल मौके पर मौजूद हैं। मनोहर थाना अस्पताल में कई सारे बच्चों को इलाज किया जा रहा है. बच्चों के परिजन भी अस्पताल में पहुंच रहे हैं
लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी
झालावाड़ जिले के मनोहरथाना ब्लॉक के पीपलोदी सरकारी स्कूल की छत गिरने की घटना पर शिक्षा मंत्री मदन दिलावर ने दुख जताया है। मंत्री ने जिला कलेक्टर से घटना की पूरी जानकारी ली और राहत-बचाव कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए. शिक्षा मंत्री ने कहा कि पीड़ित बच्चों और परिवारों को हरसंभव सहायता दी जाएगी। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि घटना की उच्च स्तरीय जांच करवाई जाएगी और जो भी दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी. मंत्री ने कहा इस तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी. शिक्षा विभाग बच्चों की सुरक्षा को लेकर पूरी तरह प्रतिबद्ध है।