31 अक्टूबर और 1 नवम्बर को राजेंद्र भवन में दो दिवसीय युवा सोशलिस्ट सम्मेलन
शिक्षा-नीति, स्वास्थ्य-नीति, रोजगार-नीति, अर्थ-नीति, कृषि-नीति, विकास-नीति, पर्यावरण-नीति और संस्कृति-नीति पर होगी चर्चा
समाजवादी आंदोलन के 100 साल पूरे होने तक देश में युवाओं के बीच वैचारिक और एक्शन कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे
सम्मेलन में वरिष्ठ समाजवादी एक्टिविस्ट/बुद्धिजीवी, ट्रेड यूनियन नेता, छात्र नेता, पत्रकार, शिक्षक, अधिवक्ता, संस्कृतिकर्मी और साहित्यकार भी रहेंगे उपस्थित
सम्मेलन का उद्घाटन सोशलिस्ट युवजन सभा (एसवाईएस)) के पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ अभिजीत वैद्य करेंगे। अध्यक्षता राजनीति विज्ञानी और दिल्ली विश्वविद्यालय के पूर्व शिक्षक प्रोफेसर अनिल मिश्रा करेंगे। उद्घाटन सत्र के बाद विभिन्न सत्रों में शिक्षा-नीति, स्वास्थ्य-नीति, रोजगार-नीति, अर्थ-नीति, कृषि-नीति, विकास-नीति, पर्यावरण-नीति,संस्कृति-नीति पर विशेषज्ञ विद्वानों द्वारा तैयार किए गए प्रस्तावों पर समाजवादी एवं संवैधानिक नजरिए से चर्चा की जाएगी।
इन प्रस्तावों की रोशनी में युवा सोशलिस्ट पहल के तहत अगले 10 सालों तक यानि भारतीय समाजवादी आंदोलन के 100 साल पूरे होने तक पूरे देश में युवाओं के बीच वैचारिक और एक्शन कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। इस मुहिम का मकसद वर्तमान कारपोरेट-कम्यूनल गठजोड़ की राजनीति और और उसके द्वारा थोपी गईं नवउदारवादी नीतियों के बरक्स समाजवादी, संविधान-सम्मत नीतियों के पक्ष में निर्णायक जनमत बनाना है। सम्मेलन में कई वरिष्ठ समाजवादीएक्टिविस्ट/बुद्धिजीवी, ट्रेड यूनियन नेता,छात्र नेता,पत्रकार, शिक्षक, अधिवक्ता,संस्कृतिकर्मी और साहित्यकार उपस्थित रहेंगे। 31 अक्टूबर को सम्मेलन के बाद शाम 6 बजे से ‘साहित्य वार्ता’ और ‘लोहिया विचार वेदी’ के तत्वावधान में कवि सम्मेलन होगा। वरिष्ठ कवि गिरधर राठी कवि सम्मेलन की अध्यक्षता करेंगे। यह जानकारी युवा सोशलिस्ट सम्मेलन के प्रभारी चरण सिंह राजपूत ने दी।

