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अनमोल इंडस्ट्रीज, ग्रेटर नोएडा में श्रमिकों का काली पट्टी बांधकर विरोध प्रदर्शन, प्रबंधन पर समझौता टालने और पुलिस पर दमन का आरोप

पूर्व घोषित कार्यक्रम के तहत आज अनमोल इंडस्ट्रीज लिमिटेड, प्लॉट नंबर 38 ए एंड एफ, उद्योग विहार, ग्रेटर नोएडा के कर्मचारियों ने कंपनी के मुख्य गेट पर जोरदार प्रदर्शन/ सभा की।
सीटू जिला अध्यक्ष व अनमोल इंडस्ट्रीज इम्प्लाईज यूनियन के अध्यक्ष मुकेश कुमार राघव, उपाध्यक्ष जितेंद्र चौधरी, मंत्री मनोज वैश्य, कोषाध्यक्ष ईश्वर दत्त शर्मा, कार्यकारिणी सदस्य अशोक कुमार, अनिल, जोगेंद्र सैनी, अंजलि शरण आदि के नेतृत्व में सैकड़ों कर्मचारियों ने गेट मीटिंग कर आज से काली पट्टी बांधकर उत्पादन कार्य शुरू किया।
विरोध सभा में कर्मचारियों ने एक स्वर में कहा कि जब तक हमारी मांगों पर सम्मानजनक समझौता नहीं होगा, हमारा आंदोलन जारी रहेगा।

 

 

यूनियन के महामंत्री व सीटू जिला सचिव गंगेश्वर दत्त शर्मा ने बताया –

 

1. कर्मचारियों की पंजीकृत मान्यता प्राप्त यूनियन अनमोल इंडस्ट्रीज इम्प्लाईज यूनियन, सीटू से सम्बद्ध है। 2. यूनियन द्वारा प्रबंधन को 31 दिसंबर 2025 को मांग पत्र प्रस्तुत किया गया था, जिस पर आज तक कोई सम्मानजनक समझौता नहीं किया गया है। 3. उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा घोषित अप्रैल-2026 का महंगाई भत्ता आज तक कर्मचारियों को नहीं दिया गया है। 4. मांगों से ध्यान हटाने के लिए प्रबंधन द्वारा उकसावे पूर्ण कार्रवाई की जा रही है – अकुशल श्रमिक से अर्धकुशल का, और अर्धकुशल से कुशल श्रमिक का कार्य कराया जा रहा है। 5. इससे कारखाने की एफिशिएंसी, ब्रोकन %, लेमिनेट वेस्टेज % का नुकसान हो रहा है, और कारखाने को जानबूझकर नुकसान में दिखाने की कोशिश की जा रही है। सेफ्टी मानकों की भी पूरी तरह अनदेखी की जा रही है।
गंगेश्वर दत्त शर्मा ने कहा कि यह शुद्ध रूप से श्रमिकों और प्रबंधन के बीच का श्रम विवाद है, जिसका समाधान करवाना श्रम विभाग की जिम्मेदारी है, जिसे वह सही तरीके से नहीं निभा रहा है।

 

पुलिस दमन की कड़ी निंदा

 

यूनियन ने आरोप लगाया कि पुलिस नाजायज तरीके से कर्मचारियों पर दबाव बना रही है। रात को यूनियन अध्यक्ष मुकेश कुमार राघव के घर पर दादरी पुलिस ने दबिश दी। यूनियन व सीटू संगठन ने ट्रेड यूनियन आंदोलन में पुलिस की इस अनुचित दखलअंदाजी की कड़ी निंदा की है। यूनियन ने चेतावनी दी है कि यदि शांतिपूर्ण चल रहे संस्थान में इस कारण श्रम अशांति उत्पन्न होती है, तो उसकी पूर्ण जवाबदेही प्रबंधन की होगी। प्रदर्शन के दौरान कंपनी गेट पर भारी पुलिस बल मौजूद रहा।

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