5 से 7 जुलाई के बीच वज्रपात और तेज हवा की चेतावनी
मुजफ्फरपुर। डॉ. राजेंद्र प्रसाद केंद्रीय कृषि विश्वविद्यालय, पूसा के ग्रामीण कृषि मौसम सेवा केंद्र ने 4 से 8 जुलाई 2026 तक का कृषि मौसम बुलेटिन जारी किया है। पूर्वानुमान के अनुसार उत्तर बिहार के अधिकांश जिलों में इस अवधि में मौसम सामान्यतः शुष्क रहेगा। हालांकि 5 से 7 जुलाई के बीच कुछ स्थानों पर गरज-चमक, वज्रपात, तेज हवा तथा हल्की बारिश की संभावना जताई गई है।
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार इस दौरान अधिकतम तापमान 35 से 37 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 27 से 29 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने की संभावना है। हवा पूर्व दिशा से 8 से 12 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चल सकती है। आसमान आंशिक रूप से बादलों से ढका रहेगा।
बुलेटिन के अनुसार पिछले तीन दिनों में पूसा क्षेत्र में 153.2 मिमी वर्षा दर्ज की गई। इस दौरान औसत अधिकतम तापमान 32.1 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 23.7 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया।
किसानों के लिए महत्वपूर्ण सलाह
कृषि वैज्ञानिकों ने किसानों को हाल की वर्षा का लाभ उठाते हुए 10 से 15 जुलाई तक धान की अगात किस्मों की बुआई करने की सलाह दी है। बुआई से पहले बीजों का उपचार करने और नर्सरी में समय पर निराई-गुड़ाई करने की भी सलाह दी गई है।
जिन क्षेत्रों में सिंचाई की सुविधा उपलब्ध है, वहां मध्यम अवधि वाली धान की किस्मों की रोपाई की जा सकती है। वहीं जहां पर्याप्त वर्षा नहीं हुई है, वहां ऊंची भूमि पर तिल, मक्का, रागी, कौनी और अरहर जैसी वैकल्पिक खरीफ फसलों की बुआई करने की सलाह दी गई है। इसके अलावा किसानों को खरीफ प्याज की नर्सरी तैयार करने, केले की वैज्ञानिक तरीके से खेती करने तथा पशुपालकों को गलघोंटू, लंगड़ा बुखार और खुरपका-मुंहपका जैसी बीमारियों से बचाव के लिए समय पर पशुओं का टीकाकरण कराने की सलाह दी गई है। कृषि मौसम वैज्ञानिकों ने किसानों से अपील की है कि वे मौसम पूर्वानुमान को ध्यान में रखते हुए कृषि कार्य करें तथा गरज-चमक और वज्रपात के दौरान खेतों में काम करने से बचें।

