पटना | मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने शुक्रवार को 1, अण्णे मार्ग स्थित ‘संकल्प’ सभागार से सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजना एवं मुख्यमंत्री कन्या उत्थान योजना के कुल 62 लाख 15 हजार 104 लाभुकों के खातों में 271 करोड़ 15 लाख 38 हजार 900 रुपये की राशि डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) के माध्यम से भेजी।
इस अवसर पर आयोजित कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने बताया कि सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजना के तहत 61 लाख 29 हजार 548 लाभार्थियों को 254 करोड़ 45 लाख 5 हजार 900 रुपये तथा मुख्यमंत्री कन्या उत्थान योजना के अंतर्गत 85 हजार 556 छात्राओं को 16 करोड़ 70 लाख 33 हजार रुपये की राशि हस्तांतरित की गई है।
मुख्यमंत्री ने जानकारी दी कि पेंशन योजनाओं में केंद्र सरकार द्वारा 93.50 करोड़ और राज्य सरकार द्वारा 87.55 करोड़ रुपये का योगदान दिया गया है। वहीं राज्य सरकार की ओर से बिहार निःशक्तता योजना, लक्ष्मीबाई सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजना और कन्या उत्थान योजना के अंतर्गत 90.08 करोड़ रुपये खर्च किए गए।
मुख्यमंत्री ने कहा—
“खुशी की बात है कि आज इतने बड़े पैमाने पर लाभुकों को आर्थिक सहायता मिल रही है। यह सामाजिक सुरक्षा की दिशा में बड़ा कदम है।”
योजनावार लाभार्थियों का विवरण इस प्रकार है:
बिहार निःशक्तता पेंशन योजना: 9.64 लाख लाभुकों को ₹38.69 करोड़
लक्ष्मीबाई सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजना: 8.63 लाख लाभुकों को ₹34.69 करोड़
इंदिरा गांधी राष्ट्रीय वृद्धावस्था पेंशन योजना: 35.59 लाख लाभुकों को ₹151.32 करोड़ (केंद्र व राज्य संयुक्त रूप से)
इंदिरा गांधी राष्ट्रीय निःशक्तता पेंशन योजना: 1.10 लाख लाभुकों को ₹4.42 करोड़
इंदिरा गांधी राष्ट्रीय विधवा पेंशन योजना: 6.32 लाख लाभुकों को ₹25.32 करोड़
मुख्यमंत्री कन्या उत्थान योजना: 85,556 लाभुकों को ₹16.70 करोड़
कार्यक्रम में समाज कल्याण विभाग की सचिव वंदना प्रेयसी ने मुख्यमंत्री का स्वागत हरित पौधा भेंट कर किया। कार्यक्रम में विभागीय योजनाओं की उपलब्धियों का प्रस्तुतिकरण भी हुआ, जिसमें बताया गया कि वर्ष 2005-06 में जहां मात्र 12.25 लाख लोगों को पेंशन मिलती थी, वहीं 2024-25 में यह संख्या बढ़कर 1 करोड़ 9 लाख 69 हजार से अधिक हो गई है।
इस मौके पर उप मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी, समाज कल्याण मंत्री मदन सहनी, मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव दीपक कुमार, मुख्य सचिव अमृत लाल मीणा, और अन्य वरीय अधिकारी मंच पर उपस्थित थे। सभी जिलों के जिलाधिकारी इस कार्यक्रम से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जुड़े।

