इजरायल और पाकिस्तान, जो ऐतिहासिक रूप से एक-दूसरे के विरोधी रहे हैं, ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को नोबेल शांति पुरस्कार के लिए नामांकित करने में समर्थन जताया है। इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने ट्रम्प को अब्राहम समझौते में उनके योगदान के लिए नोबेल समिति को पत्र लिखकर नामांकन की सिफारिश की है। वहीं, पाकिस्तान ने भी पिछले महीने नोबेल कमेटी को औपचारिक रूप से पत्र लिखकर ट्रंप के नाम की सिफारिश की थी।
यह एक असामान्य स्थिति है, क्योंकि दोनों देशों के बीच तनावपूर्ण रिश्ते रहे हैं, लेकिन दोनों ने ट्रंप की शांति प्रयासों को मान्यता देने की मांग की है। हालांकि, कुछ एक्स पोस्ट्स में इस कदम पर मिश्रित प्रतिक्रियाएं देखने को मिली हैं। कुछ इसे रणनीतिक कदम मान रहे हैं, जबकि अन्य इसे आलोचना के साथ जोड़ रहे हैं, खासकर पाकिस्तान के संदर्भ में, जहां ट्रंप के इजरायल समर्थन और ईरान के खिलाफ बयानों को लेकर विवाद है।

