दिल्ली सरकार के परिवहन विभाग ने प्रस्तावित पारस्परिक परिवहन समझौते को लेकर मिले सुझावों पर अंतिम रिपोर्ट तैयार करने के लिए एक कमिटी का गठन किया है। परिवहन विभाग के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि रिपोर्ट आने के बाद तय रूट्स, किराया और दूसरी शर्तों की जानकारी सार्वजनिक कर दी जाएगी।
सूत्रों के मुताबिक, पहले चरण में दिल्ली और बिहार के बीच 2 या 3 रूट्स पर ही बस सेवा शुरू की जा सकती है। इसके बाद जरूरत और यात्रियों की मांग के आधार पर दूसरे रूट्स पर भी बसें चलाने की योजना है।
दोनों राज्यों के बीच तैयार हुआ था समझौते का ड्राफ्ट
परिवहन विभाग के अनुसार दोनों राज्यों के बीच तय अंतरराज्यीय मार्गों पर स्टेज कैरिज बसों का संचालन आपसी समझौते में तय रूट्स के मुताबिक होगा। हालांकि, अभी अंतिम रूट तय नहीं हुए हैं। सुझावों पर कमिटी की अंतिम रिपोर्ट आने के बाद इस पर फैसला लिया जाएगा।
सरकार का कहना है कि बढ़ती परिवहन जरूरतों और राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र को बिहार से बेहतर तरीके से जोड़ने के उद्देश्य से यह फैसला लिया गया है। फिलहाल दिल्ली और बिहार के बीच सरकारी बसों का संचालन नहीं होता है। हालांकि, दोनों राज्यों के बीच बड़ी संख्या में प्राइवेट बसें चलती हैं।
सरकार अब इस कनेक्टिविटी को और बेहतर करना चाहती है। इसके लिए प्राइवेट बस ऑपरेटर्स के साथ तय नियमों के आधार पर समझौता भी किया जा सकता है। कोशिश है कि दिवाली और छठ पूजा से पहले कम से कम 2-3 रूट्स पर बस सेवा शुरू हो जाए।







