Site icon Thenews15.in

होर्मुज की टेंशन खत्‍म, इस रास्‍ते जाएगा तेल-गैस… नेतन्याहू लेकर आए नया प्‍लान!

ईरान के साथ चल रहे युद्ध के कारण स्ट्रेट ऑफ होर्मुज (Strait of Hormuz) पर तनाव चरम पर है। ईरान ने इस महत्वपूर्ण जलडमरूमध्य को काफी हद तक प्रभावित कर दिया है, जहां से दुनिया का लगभग 20% तेल और बड़ी मात्रा में गैस गुजरती है। इससे वैश्विक तेल-गैस सप्लाई बाधित हो रही है, कीमतें आसमान छू रही हैं, और भारत जैसे देशों में LPG संकट भी गहरा गया है।
नेतन्याहू ने कहा है कि होर्मुज जैसे “चोक पॉइंट्स” (गले के रास्ते) से हमेशा के लिए छुटकारा पाने के लिए नया प्लान लाना चाहिए। उनका प्रस्ताव है कि अरब प्रायद्वीप (Arabian Peninsula) के पार पाइपलाइंस (तेल और गैस पाइपलाइनें) बनाई जाएं, जो पश्चिम की ओर जाएं और इजरायल के भूमध्य सागर वाले पोर्ट्स तक पहुंचें।
उनके शब्दों में (रॉयटर्स और अन्य रिपोर्ट्स के अनुसार):
“Just have oil pipelines, gas pipelines, going west through the Arabian Peninsula, right up to Israel, right up to our Mediterranean ports and you’ve just done away with the choke points forever.”
यह प्लान पोस्ट-वार (ईरान युद्ध के बाद) के लिए है, ताकि ईरान की धमकियों से बचकर खाड़ी देशों (जैसे सऊदी अरब, कतर आदि) से तेल-गैस सुरक्षित रूप से निर्यात हो सके। इससे होर्मुज की टेंशन खत्म हो जाएगी, क्योंकि जहाजों को उस संकरे रास्ते से गुजरने की जरूरत नहीं पड़ेगी।
मौजूदा संदर्भ

युद्ध के कारण होर्मुज से जहाजों की आवाजाही लगभग रुक गई है (कुछ चुनिंदा जहाजों को ईरान इजाजत दे रहा है, जैसे भारत के कुछ LPG टैंकर)।
सऊदी अरब पहले से ही कुछ तेल को रेड सी की ओर रूट कर रहा है, लेकिन ईरान ने वहां भी हमले किए हैं।
नेतन्याहू ने साथ ही कहा कि इजरायल अमेरिका की मदद से होर्मुज को फिर से खोलने की कोशिश कर रहा है, और युद्ध जल्द खत्म हो सकता है (ईरान की परमाणु/मिसाइल क्षमता कमजोर होने का दावा)।
ट्रंप के अनुरोध पर इजरायल ने ईरान के साउथ पार्स गैस फील्ड पर आगे हमले रोके हैं।

Exit mobile version