बिहार विधानसभा चुनाव 2025 की रणभेरी बजते ही केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने दरभंगा में एक जनसभा को संबोधित करते हुए कांग्रेस और RJD (राष्ट्रीय जनता दल) पर तीखा प्रहार किया। उन्होंने विपक्षी दलों को ‘परिवारवाद’ और ‘राष्ट्र-विरोधी’ नीतियों का प्रतीक बताते हुए कहा कि अगर इनकी सरकार होती, तो जम्मू-कश्मीर से धारा 370 कभी नहीं हटाई जाती।
क्या कहा अमित शाह ने?
- धारा 370 पर तंज: शाह ने स्पष्ट शब्दों में कहा, “कांग्रेस और लालू एंड कंपनी ने धारा 370 को 70 साल तक बचाकर रखा। लेकिन प्रधानमंत्री मोदी ने उसे जड़ से खत्म कर दिया।” उनका इशारा था कि विपक्ष कश्मीर के विशेष दर्जे को बनाए रखना चाहता था, जो देश की एकता के लिए खतरा था। उन्होंने जोड़ा कि मोदी सरकार ने न केवल धारा 370 हटाई, बल्कि आतंकवाद पर भी कड़ा रुख अपनाया है – अब ‘घर में घुसकर मारेंगे’ की नीति चल रही है।
- अन्य हमले: शाह ने RJD और कांग्रेस पर पीएफआई (पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया) जैसे कट्टरपंथी संगठनों को पनपने देने का आरोप लगाया। कहा, “मोदी सरकार ने एक रात में पीएफआई पर बैन लगाया और उनके नेताओं को जेल भेजा। जब तक BJP का एक सांसद संसद में है, ये जेल से बाहर नहीं आएंगे।”
- राम मंदिर और विकास का जिक्र: भाषण में उन्होंने अयोध्या में राम मंदिर निर्माण को BJP की उपलब्धि बताया – “500 साल तंबू में रहे भगवान रामलला को अब भव्य मंदिर मिला।” साथ ही, मिथिला क्षेत्र के विकास पर फोकस किया: मैथिली को संविधान की आठवीं अनुसूची में शामिल करना, मधुबनी पेंटिंग को GI टैग, मखाना बोर्ड की स्थापना, और सीता मंदिर का निर्माण।
बिहार चुनाव के संदर्भ में महत्व
यह बयान NDA (BJP-JD(U)) की चुनावी रणनीति का हिस्सा लगता है, जहां विकास, राष्ट्रवाद और ‘जंगल राज’ (RJD शासन की आलोचना) को मुद्दा बनाया जा रहा है। शाह ने गरीबी उन्मूलन योजनाओं का भी जिक्र किया – जैसे आयुष्मान भारत (5 लाख तक मुफ्त इलाज), पीएम किसान सम्मान निधि (6 हजार सालाना), और गरीब कल्याण अन्न योजना (बिहार के 8.5 करोड़ लोगों को मुफ्त राशन)। उनका संदेश साफ था: “बिहार का भविष्य मोदी जी के नेतृत्व में सुरक्षित है।”
विपक्ष की ओर से अभी कोई सीधी प्रतिक्रिया नहीं आई, लेकिन चुनावी माहौल गर्म हो चुका है। पीएम मोदी और अन्य नेता भी लगातार बिहार दौरे कर रहे हैं। अगर आप इस पर और डिटेल्स, वीडियो क्लिप या विपक्ष के जवाब चाहें, तो बताएं!

