14 मार्च उत्तर कोरिया ने एक (या कम से कम एक) अनदेखी प्रोजेक्टाइल (संदिग्ध बैलिस्टिक मिसाइल) दागी, न कि 10 बैलिस्टिक मिसाइलें। दक्षिण कोरिया के जॉइंट चीफ्स ऑफ स्टाफ (JCS) ने कहा कि उत्तर कोरिया ने पूर्वी तट से पूर्व की ओर समुद्र में एक प्रोजेक्टाइल दागा। जापान ने इसे संदिग्ध बैलिस्टिक मिसाइल बताया, जो उनके एक्सक्लूसिव इकोनॉमिक जोन के बाहर समुद्र में गिर गई। कोई नुकसान या हताहत नहीं हुआ।
क्या हुआ ठीक-ठीक?
समय: शनिवार दोपहर (लोकल टाइम)।
संदर्भ: यह अमेरिका-दक्षिण कोरिया के संयुक्त सैन्य अभ्यास (Freedom Shield) के दौरान हुआ, जो सालाना होता है और उत्तर कोरिया अक्सर इसका विरोध करता है।
पड़ोसी देश: दक्षिण कोरिया और जापान ने निगरानी बढ़ा दी है और जापान ने इमरजेंसी रिस्पॉन्स टीम बना ली (रूटीन प्रक्रिया)। कोई हमला या खतरा नहीं है।
ईरान-इजरायल जंग से कनेक्शन?
हाँ, वैश्विक तनाव का माहौल है। ईरान-इजरायल संघर्ष (फरवरी-मार्च 2026 में अमेरिका-इजरायल के हमलों के बाद) जारी है, और अमेरिका ने कुछ मिसाइल डिफेंस सिस्टम (THAAD, Patriot) मिडिल ईस्ट भेज दिए हैं। उत्तर कोरिया ने ईरान का समर्थन किया है, लेकिन आज का लॉन्च मुख्य रूप से दक्षिण कोरिया-अमेरिका अभ्यास से जुड़ा बताया जा रहा है। यह उत्तर कोरिया की पुरानी आदत है – अभ्यास के जवाब में मिसाइल टेस्ट करना। कोई सीधा “ईरान के लिए” हमला या युद्ध नहीं है।
10 मिसाइलों का दावा कहाँ से आया?
कुछ भारतीय मीडिया (जैसे TV9, कुछ सोशल पोस्ट) ने इसे 10 बता दिया, शायद पुरानी खबरों (जनवरी 2026 में कई मिसाइलें या ईरान की मिसाइलों) से कन्फ्यूजन या क्लिकबेट के कारण। लेकिन रॉयटर्स, गार्डियन, कोरिया टाइम्स, ब्लूमबर्ग जैसी विश्वसनीय एजेंसियां स्पष्ट रूप से एक प्रोजेक्टाइल बता रही हैं। मार्च में यह उत्तर कोरिया का तीसरा मिसाइल एक्टिविटी है (पहले दो क्रूज मिसाइल टेस्ट थे)।

